स्पोर्ट्स डेस्क। भारतीय महिला क्रिकेट में करीब एक दशक तक चला हरमनप्रीत कौर का कप्तानी युग अब समाप्त हो गया है। 37 वर्षीय हरमनप्रीत ने भारतीय महिला टीम की तीनों फॉर्मेट की कप्तानी छोड़ने का फैसला किया है। उन्होंने 2016 में टी20 टीम की कमान संभाली थी, जबकि 2022 में वनडे और 2023 में तीनों फॉर्मेट की कप्तानी उनके हाथों में आई।
उनके नेतृत्व में भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने कई ऐतिहासिक मुकाम हासिल किए। आइए जानते हैं उनकी कप्तानी की 5 सबसे बड़ी उपलब्धियां।
1. पहली बार महिला वनडे विश्व कप का खिताब
हरमनप्रीत कौर के कप्तानी कार्यकाल की सबसे बड़ी उपलब्धि 2025 का महिला वनडे विश्व कप खिताब रही।
भारत ने घरेलू मैदान पर पहली बार महिला वनडे विश्व कप अपने नाम किया। इससे पहले भारतीय टीम 2005 और 2017 में फाइनल तक पहुंची थी, लेकिन ट्रॉफी जीतने में कामयाब नहीं हो सकी थी।
हरमनप्रीत की अगुआई में टीम इंडिया ने आखिरकार लंबे समय से चले आ रहे इंतजार को खत्म किया और इतिहास रच दिया।
2. एशियन गेम्स में लगातार दो गोल्ड
हरमनप्रीत के नेतृत्व में भारत ने 2022 और 2026 के एशियन गेम्स में लगातार दो स्वर्ण पदक जीते।
2022 में भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने पहली बार एशियन गेम्स में गोल्ड मेडल हासिल किया था। इसके बाद 2026 में भारत ने अपने खिताब का सफलतापूर्वक बचाव करते हुए लगातार दूसरी बार सोना जीता।
लगातार दो एशियन गेम्स में चैंपियन बनना हरमनप्रीत की कप्तानी में भारतीय टीम की निरंतरता को दर्शाता है।
3. चार एशिया कप खिताब
हरमनप्रीत कौर की कप्तानी में भारत ने 2012, 2016, 2022 और 2026 में एशिया कप का खिताब जीता।
चार एशिया कप जीतने के साथ हरमनप्रीत भारतीय महिला क्रिकेट की उन कप्तानों में शामिल हो गईं, जिन्होंने इस टूर्नामेंट में सबसे ज्यादा सफलता हासिल की। इस दौरान उन्होंने अलग-अलग दौर के खिलाड़ियों और टीम संयोजनों के साथ भारत को लगातार सफलता दिलाई।
4. टी20 क्रिकेट में बनाए कई रिकॉर्ड
टी20 इंटरनेशनल में भी हरमनप्रीत की कप्तानी बेहद प्रभावशाली रही।
उन्होंने ऑस्ट्रेलिया की मेग लैनिंग को पीछे छोड़ते हुए महिला टी20 इंटरनेशनल में सबसे ज्यादा जीत हासिल करने वाली कप्तान का रिकॉर्ड बनाया।
इसके अलावा हरमनप्रीत 150 टी20 इंटरनेशनल मैचों में कप्तानी करने वाली क्रिकेट इतिहास की पहली खिलाड़ी भी बनीं। यह उपलब्धि उनके लंबे और निरंतर कप्तानी करियर को दर्शाती है।
5. लॉर्ड्स में ऐतिहासिक टेस्ट जीत
हरमनप्रीत की कप्तानी का एक और यादगार अध्याय लॉर्ड्स में इंग्लैंड के खिलाफ टेस्ट जीत रहा।
भारत ने इस मुकाबले में इंग्लैंड को 270 रन से हराया। लॉर्ड्स में खेला गया यह पहला महिला टेस्ट था और इस ऐतिहासिक मुकाबले में हरमनप्रीत ने भारतीय टीम की अगुआई की।
टेस्ट क्रिकेट में कप्तानी की चुनौती अलग होती है और ऐसे ऐतिहासिक मुकाबले में जीत हरमनप्रीत के नेतृत्व करियर की खास उपलब्धियों में शामिल रही।
कप्तानी खत्म, लेकिन क्रिकेट का सफर जारी
हरमनप्रीत कौर का कप्तानी कार्यकाल सिर्फ रिकॉर्ड और ट्रॉफियों तक सीमित नहीं रहा। उन्होंने भारतीय महिला क्रिकेट को ऐसे दौर में नेतृत्व दिया, जब टी20 क्रिकेट और फ्रेंचाइजी लीग का तेजी से विस्तार हो रहा था।
उनके कप्तानी करियर का सबसे चमकदार अध्याय निश्चित तौर पर महिला वनडे विश्व कप जीत रहा।
अब हरमनप्रीत कप्तानी की जिम्मेदारी से मुक्त हो गई हैं, लेकिन उनका क्रिकेट सफर खत्म नहीं हुआ है। वह बतौर खिलाड़ी मैदान पर अपना योगदान जारी रखेंगी। यानी कप्तानी का अध्याय भले ही बंद हो गया हो, लेकिन हरमनप्रीत कौर की क्रिकेट कहानी अभी बाकी है।