Meta Pixel

शराबी अधीक्षक ने रात के अंधेरे में छात्रों को दिखाया हास्टल से बाहर का रास्ता, अधीक्षक निलंबित

Spread the love

जशपुरनगर । फरसाबहार ब्लाक के डुमरिया गांव में स्थित प्री मैट्रिक छात्रावास में शनिवार और रविवार की दरम्यानी रात जम कर हंगामा हुआ। यहां पदस्थ छात्रावास अधीक्षक नरसिंह मलार्ज पर छात्रों के अभिभावकों ने बच्चों को दिन भर भूखा रखने के बाद, रात को छात्रावास से बाहर निकालने का आरोप लगाते हुए हंगामा मचाया। हंगामा की सूचना पर आदिवासी विभाग के मंडल संयोजक लालदेव भगत मौके पर पहुंचे। उन्होनें छात्रों और अभिभावकों से जानकारी लेकर,मामले की जांच और कार्रवाई का आश्वासन दिया है। छात्रों ने मिडिया को बताया कि छात्रावास अधीक्षक नरसिह मलार्ज,शराब के नशे में धुत्त हो कर हास्टल पहुंचे और पहुंचते ही उन्होनें उनके साथ गाली गलौच और मारपीट करना शुरू कर दिया।  पीड़ित बच्चों का आरोप है कि छात्रावास में उन्हें सुबह से एक कप चाय के अलावा खाना पीने के लिए कुछ भी नहीं मिला था। शाम को जब पोहा खा रहे थे,इसी दौरान अधीक्षक ने उन पर अच्छे से पढ़़ाई ना करने का आरोप लगाते हुए मारपीट किया और रात को ही छात्रावास से बाहर चले जाने का फरमान सुना दिया।

छात्रावास अधीक्षक के इस उग्र रूप से सहमे बच्चे अपना बोरिया बिस्तरा लेकर छात्रावास के बाहर आ गए। इस बीच,अधीक्षक की इस हरकत की खबर स्थानीय छात्रों के अभिभावकों को लगी और वे छात्रावास पहुंच गए। उन्होनें अधीक्षक मलार्ज की हरकत पर नाराजगी जताई। स्थानीय महिला उषामती ने बताया कि अधीक्षक आए दिन शराब के नशे में धुत्त हो कर बच्चों से इस तरह की हरकत करता रहता है। उन्होनें बताया कि डुमरिया घोर हाथी प्रभावित क्षेत्र है। वन परिक्षेत्र में 26 हाथी अलग -अलग क्षेत्र में डेरा जमाए होने का एलर्ट वन विभाग ने जारी किया हैं। ऐसे मे आधी रात को इन बच्चों को हास्टल से बाहर निकालना कहां तक जायज है? नाराज अभिभावकों ने इस पूरे मामले में दोषी छात्रावास अधीक्षक नरसिंह मलार्ज पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है।

अधीक्षक ने कहा कि ठीक से नहीं करते पढ़ाई

वहीं,इस पूरे मामले में छात्रावास अधीक्षक नरसिंह मलार्ज ने अजीब बयान दिया हैं। उनका कहना है कि जिन बच्चों को उन्होनें छात्रावास से बाहर निकाला है,वो अच्छे से पढ़ाई नहीं करते हैं। उनका दावा है कि उन्होनें बच्चों को कई बार समझाने की कोशिश की। लेकिन बच्चे पढ़ाई में सुधार नहीं ला रहे थे। इसलिए उन्होनें बच्चों को बाहर निकाला ताकि उनकी जगह अच्छे से पढ़ाई करने वाले बच्चों को छात्रावास में जगह दी जा सके।

प्रशासन ने किया निलंबित

जिला प्रशासन ने शराबी छात्रावास अधीक्षक नरसिंह मलार्ज को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। आदिवासी विभाग के सहायक आयुक्त संजय सिंह ने बताया कि शिकायत को गंभीरता से लेते हुए,मामले में छात्रावास अधीक्षक और पीड़ित छात्रों के बयान के आधार पर कार्रवाई की गई है। ‘मामले को गंभीरता से लेते हुए छात्रावास अधीक्षक नरसिंह मलार्ज का तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिय गया है।’ संजय सिंह,सहायक आयुक्त,आदिवासी विभाग,जशपुर।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *