छत्तीसगढ़ के दुर्ग में हिस्ट्रीशीटर अवतार मरकाम के हत्या मामले में फरार मुख्य आरोपी दीपक ठाकुर को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने उसके साथ एक साथी को भी गिरफ्तार किया है, जो उसकी भागने में मदद कर रहा था। डीएसपी क्राइम अजय सिंह ने बताया कि, 28 मार्च की देर रात इंदर ढाबा में कुख्यात अपराधी तपन सरकार के भांजे ने अपने 4 साथियों के साथ मिलकर हिस्ट्रीशीटर अवतार मरकाम (40) को चाकू से गोदकर मार डाला था। इस मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था, लेकिन मुख्य आरोपी दीपक ठाकुर मौके से फरार हो गया था।
10 हजार इनाम था घोषित
दीपक को पकड़ने के लिए लिए पुलिस ने कई जगह छापेमारी की, लेकिन उसका पता नहीं चला। इसके बाद दुर्ग एसपी जितेंद्र शुक्ला ने उस पर 10 हजार इनाम देने की घोषणा की थी। इसी दौरान एसीसीयू की टीम को यह पता चला कि, दीपक ठाकुर अपने एक साथी मुकेश्वर उर्फ राजा साहू के साथ फरार हुआ है।
मुखबिर से सूचना मिली कि दीपक अपने साथी राजा के ठिकाने पर रुआबांधा बस्ती में छिपा है। जहां दबिश देकर पुलिस ने दीपक ठाकुर और मददगार राजा साहू को गिरफ्तार कर थाने ले आई। पूछताछ में दीपक ने हत्या करना कबूल किया। उसने बताया कि राजा साहू भी षड़यंत्र में शामिल था। पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।
अब जानिए क्या है पूरा मामला ?
दरअसल, कुछ महीने पहले बदमाश अवतार और मुकेश चौहान के बीच मारपीट हुई थी। इसके अलावा बदमाश अवतार ने दीपक ठाकुर के भी पैर तोड़ दिए थे। अवतार ने होरीलाल से भी होली में मारपीट की थी। ऐसे में इन सभी लोगों ने अवतार को ठिकाने लगाने की साजिश रची।
इस साजिश में आरोपियों ने आकाश मजूमदार को भी शामिल किया। सभी सहमत होकर 28 मार्च 2025 को आकाश की मदद से अवतार को फोन से शराब पार्टी के लिए इंदर ढाबा बुलाया। ढाबा में पहले से दीपक ठाकुर, मुकेश चौहान, अमन साहू और होरीलाल मौजूद थे।
इस दौरान अवतार जैसे ही वहां पहुंचा, दीपक ठाकुर की गाड़ी के पास छिपकर खड़े मुकेश उर्फ चिरा, होरीलाल उर्फ बाती और अमन साहू उर्फ मसान ने अवतार के कान, गला और सीने में ताबड़तोड़ हमला कर दिया। धारदार हथियार से वार के कारण अवतार की मौके पर ही मौत हो गई।
चश्मदीद की मदद से आरोपियों तक पहुंची पुलिस
वारदात के बाद पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा। साथ ही पुलिस की स्पेशल टीम गठित की गई। पुलिस ने चश्मदीद गवाह विकास सिंह परमार से पूछताछ की। गवाह के बताए अनुसार पुलिस ने आकाश मजूमदार उर्फ सोना को हिरासत में लिया।
इसके बाद उसकी निशानदेही पर सिरसा गनियारी क्षेत्र से मुकेश चौहान उर्फ चीरा, अमन साहू उर्फ मसान और होरीलाल पटेल उर्फ बाती को हिरासत में लिया गया। पकड़े गए सभी आरोपियों ने पूछताछ में अपना जुर्म कबूल किया। उन्होंने बताया कि पुरानी रंजिश में हत्या की है।
पुलिस की भूमिका पर उठ रहे सवाल
अवतार के परिजनों का आरोप है कि उसे पहले से जान से मारने की धमकी मिल रही थी। इसको लेकर अवतार ने मोहन नगर थाने में होली के समय आवेदन दिया था, लेकिन पुलिस ने उसे थाने से भगा दिया। अगर पुलिस उसकी सुनती तो आज वो जिंदा होता। अवतार की बहन के आरोप पर ASP सुखनंदन राठौर ने कहा कि वो इसकी जांच करेंगे, फिलहाल ऐसी कोई जानकारी पुलिस के पास नहीं है।
दीपक के खिलाफ अलग-अलग थानों में 15 मामले दर्ज
ASP सुखनंदन राठौर ने बताया कि आरोपी दीपक ठाकुर (27) फरार है। पुलिस को इसकी तलाश है। इसके खिलाफ अलग-अलग थानों में 15 मामले दर्ज हैं। इसमें एक प्रकरण हत्या का प्रयास, 10 मामले मारपीट, 2 आर्म्स एक्ट, 1 जुआ एक्ट और एक मामला शासकीय कार्य में बाधा का दर्ज है।
इन आरोपियों को किया गया गिरफ्तार
- आकाश मजूमदार (36), निवासी प्रेम नगर, सिकोला भाठा दुर्ग। इसके खिलाफ मारपीट के 10 और आर्म्स एक्ट का 1 मामला सहित कुल 11 मामले दर्ज हैं।
- मुकेश चौहान (22), निवासी दुर्ग। इसके खिलाफ मारपीट के 7, आबकारी एक्ट 1, NDPS एक्ट 1 और 2 आर्म्स एक्ट सहित कुल 11 प्रकरण दर्ज हैं।
- अमन साहू उर्फ मसान (25), निवासी उरला दुर्ग। इसके खिलाफ मारपीट के 4, लूट का एक, चोरी एक और एक आर्म्स एक्ट सहित कुल 7 मामले दर्ज हैं।
- होरीलाल पटेल उर्फ बाती (25) निवासी थाना मोहन नगर, दुर्ग। इसके खिलाफ मारपीट के 12 और एक जुआ एक्ट सहित कुल 13 मामले दर्ज हैं।