Meta Pixel

छत्तीसगढ़ में गणेश विसर्जन: उत्सव, उमंग और एक दुखद घटना

Spread the love

छत्तीसगढ़ में शनिवार शाम से गणेश प्रतिमाओं का विसर्जन उत्साह और श्रद्धा के साथ शुरू हुआ। रायपुर नगर निगम ने भीड़ और अव्यवस्था से बचने के लिए छोटी और बड़ी प्रतिमाओं के लिए अलग तालाब और अस्थायी कुंड तैयार किए। वहीं महादेव घाट में केवल बड़ी मूर्तियों का विसर्जन किया गया।


बलरामपुर में दुखद घटना

बलरामपुर जिले में डीजे पर नाचते समय एक नाबालिग बेहोश हो गया। अस्पताल ले जाने पर उसे मृत घोषित किया गया। प्रारंभिक अनुमान के अनुसार तेज आवाज और अत्यधिक उत्साह के कारण हार्टअटैक की आशंका जताई जा रही है। इस घटना के बाद अस्पताल में डॉक्टर की अनुपस्थिति और कर्मचारियों के बदतमीजी पर लोग भड़के। मामला राजपुर थाना क्षेत्र का है।

प्रवीण गुप्ता (15) शाम को विसर्जन में शामिल हुआ था। डीजे पर डांस करते समय अचानक उसे बेचैनी हुई और वह जमीन पर गिर गया।


रायपुर और भिलाई में उत्सव का रंग

रायपुर के बुढ़ापारा में राउत-नाचा की थीम पर ढोल-मंजीरे की धुन और पारंपरिक गीतों के बीच गणपति बप्पा को भव्य विदाई दी गई।
भिलाई में कलाकारों ने देशभक्ति गीतों और तिरंगे झंडों के साथ गणेश विसर्जन का कार्यक्रम प्रस्तुत किया।

रायपुर में 800 से अधिक पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई थी और ड्रोन कैमरों से निगरानी की गई। रात 8 बजे से विभिन्न चौकों और मार्गों से वाहनों की आवाजाही पूरी तरह प्रतिबंधित रही।

कालीबाड़ी चौक में फिल्मी धुनों पर श्रद्धालु झूमते और नाचते हुए गणपति बप्पा को विदा कर रहे थे। महिलाओं और युवाओं ने भी इस उत्सव में सक्रिय भागीदारी दिखाई।


अंबिकापुर और सरगुजा में भव्य शोभायात्रा

अंबिकापुर में पार्वती संग नंदी पर विराजमान भगवान भोलेनाथ की झांकी के साथ गणेश विसर्जन का आयोजन किया गया। भक्तिमय वातावरण में श्रद्धालुओं ने भक्ति गीतों और झांकियों का आनंद लिया।

राजनांदगांव में महापौर और पूर्व सांसद के साथ पूजा-अर्चना के बाद गणेश विसर्जन झांकी की शुरुआत हुई। श्रद्धालुओं ने सुख, शांति और समृद्धि की कामना की।

रायगढ़ में भक्तों का कारवां केलो नदी के तट पर पहुंचा, जहां पूजा-अर्चना के बाद गणपति बप्पा को पारंपरिक तरीके से विदाई दी गई।


मनेन्द्रगढ़ में भाईचारे की मिसाल

मनेन्द्रगढ़ में विसर्जन जुलूस के दौरान हिंदू और मुस्लिम युवकों ने साथ मिलकर गणेश रथ खींचा। यह दृश्य स्थानीय लोगों के लिए सांप्रदायिक एकता और भाईचारे का प्रतीक बन गया। युवक हर साल गणेशोत्सव में सक्रिय रूप से भाग लेते हैं और आयोजन में सहयोग भी करते हैं।


सारांश:
छत्तीसगढ़ में गणेश विसर्जन उत्सव उमंग और श्रद्धा के साथ संपन्न हुआ। बलरामपुर की दुखद घटना ने लोगों को स्तब्ध किया, वहीं रायपुर, भिलाई, अंबिकापुर और मनेन्द्रगढ़ में भक्ति, सांस्कृतिक धुनों और भाईचारे का अनोखा संगम देखने को मिला।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *