छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार में कानून-व्यवस्था की तस्वीर उस वक्त सवालों के घेरे में आ गई, जब शहर के सबसे व्यस्त मार्ग गार्डन चौक—अटल परिसर के सामने—एक शराबी बीच सड़क पर बैठकर खुलेआम शराब पीता नजर आया। इस शर्मनाक हरकत से कुछ देर के लिए ट्रैफिक जाम की स्थिति बन गई, लेकिन मौके पर न पुलिस दिखी और न ही कोई जिम्मेदार अधिकारी।
बताया जा रहा है कि यह घटना दो दिन पुरानी है। किसी राहगीर ने पूरी घटना का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर डाल दिया, जो देखते ही देखते वायरल हो गया। वीडियो सामने आते ही नागरिकों का गुस्सा फूट पड़ा है। लोगों का कहना है कि सिविल लाइन क्षेत्र के प्रवेश द्वार पर इस तरह की बेखौफ हरकतें सीधे तौर पर प्रशासनिक नाकामी को उजागर करती हैं।
सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि जहां यह घटना हुई, वहां से थाना महज 150 मीटर, न्यायालय करीब 200 मीटर और कलेक्ट्रेट सहित कई शासकीय कार्यालयों का मार्ग गुजरता है। इसके बावजूद दिनदहाड़े बीच सड़क शराबखोरी—पुलिस गश्त और निगरानी पर गंभीर सवाल खड़े करती है। स्थानीय लोगों के मुताबिक, अगर इतने संवेदनशील प्रशासनिक इलाके में ऐसी घटनाएं हो सकती हैं, तो आम नागरिकों की सुरक्षा का दावा खोखला प्रतीत होता है।
अब शहरवासियों की निगाहें प्रशासन पर टिकी हैं—क्या वायरल वीडियो पर सिर्फ औपचारिक बयान आएगा या वास्तव में सख्त कार्रवाई होगी? जनता स्पष्ट संदेश चाहती है कि सार्वजनिक स्थानों पर अराजकता बर्दाश्त नहीं की जाएगी और जिम्मेदारों से जवाबदेही तय होगी।