अंडर-23 विश्व चैंपियन सुजीत कलकल ने 2026 सीजन में अपनी शानदार लय बरकरार रखते हुए मुहामेट मालो कुश्ती टूर्नामेंट में पुरुषों की 65 किग्रा फ्रीस्टाइल कैटेगरी का स्वर्ण पदक जीत लिया। फाइनल में उन्होंने अजरबैजान के राशिद बाबाजादे को 10-0 से हराकर मुकाबला एकतरफा बना दिया। यह जीत उनके लिए खास इसलिए भी है क्योंकि इसी महीने की शुरुआत में क्रोएशिया में जाग्रेब ओपन जीतने के बाद रैंकिंग सीरीज में यह उनका लगातार दूसरा गोल्ड है।
23 वर्षीय भारतीय पहलवान ने पूरे टूर्नामेंट में दबदबा बनाए रखा। उन्होंने अल्बानिया के एंड्रियो अवदली पर 16-4 की जीत से अपने अभियान की शुरुआत की। इसके बाद जॉर्जिया के नीका जकाशविली को 10-0 से हराया। सेमीफाइनल में अमेरिका के दो बार के पैन अमेरिकन चैंपियन जोसेफ मैककेना को 11-0 से मात देकर फाइनल में जगह पक्की की—यह स्कोर जाग्रेब ओपन के सेमीफाइनल जैसा ही रहा। खिताबी मुकाबले में राशिद भी उनके सामने टिक नहीं सके और 10-0 से हार गए।
इस जीत के साथ रैंकिंग सीरीज सर्किट में सुजीत का यह चौथा स्वर्ण पदक बन गया। इससे पहले वे 2022 में जैहैर शघायर और 2025 में पोलाक इमरे एवं वर्गा जानोस मेमोरियल टूर्नामेंट में भी शीर्ष स्थान हासिल कर चुके हैं। लगातार बड़ी जीतों ने उन्हें 65 किग्रा वर्ग में भारत की मजबूत दावेदारी के रूप में स्थापित कर दिया है।
हालांकि अन्य भारतीय पहलवानों को वैसी सफलता नहीं मिली। 57 किग्रा में अंकुश और आतिश टोडकर कांस्य पदक के रेपेचेज मुकाबलों में हार गए। सुमित (57 किग्रा), राहुल (61 किग्रा), सिद्धार्थ (70 किग्रा), परविंदर (74 किग्रा) और आर्यन (86 किग्रा) भी अपने-अपने वर्ग में पदक दौर तक नहीं पहुंच सके।
भारत ने इस टूर्नामेंट के लिए 48 सदस्यीय टीम उतारी थी, जिसमें पुरुष फ्रीस्टाइल, महिला वर्ग और ग्रीको-रोमन—तीनों श्रेणियों में 16-16 पहलवान शामिल थे। लेकिन सुजीत की दमदार प्रदर्शन ने भारतीय अभियान को चमका दिया।
लगातार दूसरे स्वर्ण के साथ सुजीत कलकल ने साफ कर दिया है कि 2026 सीजन में वह रैंकिंग सीरीज के सबसे मजबूत दावेदारों में शामिल हैं।