छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में सड़क सुरक्षा को लेकर पुलिस ने सख्त रुख अपनाते हुए नशे में वाहन चलाने वालों पर बड़ी कार्रवाई की है। 1 जनवरी से 29 मार्च 2026 के बीच पुलिस ने कुल 155 मामलों में कार्रवाई करते हुए 15.94 लाख रुपये से ज्यादा का समन शुल्क वसूला है। यह अभियान शहर और आसपास के दुर्घटना संभावित क्षेत्रों में लगातार चलाया जा रहा है, जिससे सड़क हादसों पर लगाम लगाई जा सके।
पुलिस द्वारा नियमित रूप से चेकिंग पॉइंट लगाकर वाहनों की जांच की जा रही है। यातायात शाखा की टीम ब्रेथ एनालाइजर के जरिए चालकों की जांच करती है और नशे की पुष्टि होने पर मौके पर ही वाहन जब्त कर लिया जाता है। इसके बाद मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 185 के तहत मामला दर्ज कर आरोपियों को कोर्ट में पेश किया जाता है, जहां उन्हें नियमानुसार सजा दी जाती है।
इन 155 मामलों में अलग-अलग प्रकार के वाहन शामिल हैं, जिनमें सबसे ज्यादा 98 मामले मोटरसाइकिल चालकों के सामने आए हैं। इसके अलावा ऑटो और ई-रिक्शा के 9, कार के 12, पिकअप के 18, मेटाडोर के 4, ट्रैक्टर के 7 और ट्रक या हाइवा के भी 7 मामले दर्ज किए गए हैं। इससे साफ है कि यह समस्या सिर्फ एक वर्ग तक सीमित नहीं, बल्कि हर तरह के वाहन चालकों में देखने को मिल रही है।
पुलिस की रणनीति भी काफी सख्त और स्मार्ट है। शाम और रात के समय अलग-अलग जगहों पर चेकिंग पॉइंट बदल-बदलकर अभियान चलाया जा रहा है, ताकि कोई भी नियम तोड़ने वाला बच न सके। इसके साथ ही नाबालिगों द्वारा वाहन चलाने, बिना लाइसेंस ड्राइविंग और अन्य ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन पर भी लगातार कार्रवाई की जा रही है।
धमतरी पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे अपनी और दूसरों की सुरक्षा के लिए नशे की हालत में वाहन न चलाएं और सभी यातायात नियमों का पालन करें। पुलिस ने यह भी साफ कर दिया है कि आने वाले समय में भी इस तरह की सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
कुल मिलाकर, धमतरी में चल रहा यह अभियान न सिर्फ नियम तोड़ने वालों के लिए चेतावनी है, बल्कि आम जनता के लिए सुरक्षा का मजबूत कदम भी है, जो सड़क हादसों को कम करने में अहम भूमिका निभा सकता है।