केरल के चुनावी माहौल में सियासी गर्मी तेज हो गई है। नरेंद्र मोदी ने थिरुवल्ला में रैली के दौरान बड़ा दावा करते हुए कहा कि इस बार राज्य में लेफ्ट डेमोक्रेटिक फ्रंट (LDF) की सरकार जाएगी और नेशनल डेमोक्रेटिक अलायंस की सरकार बनेगी।
प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि वे पहले भी कई बार केरल आ चुके हैं, लेकिन इस बार माहौल अलग नजर आ रहा है। उनके मुताबिक राज्य में बदलाव की लहर है और जनता इस बार सत्ता परिवर्तन के मूड में है।
इधर चुनावी प्रक्रिया में भी कई नई और दिलचस्प तस्वीरें सामने आ रही हैं। भारतीय चुनाव आयोग ने पलक्कड़ जिले की एक तस्वीर साझा की, जिसमें 100 साल की बुजुर्ग महिला ने घर बैठे वोटिंग की। आयोग की टीम उनके घर पहुंची और उन्हें “होम वोटिंग” सुविधा का लाभ दिया। यह व्यवस्था उन मतदाताओं के लिए की गई है, जो पोलिंग बूथ तक पहुंचने में असमर्थ हैं।
चुनाव आयोग ने युवा मतदाताओं को आकर्षित करने के लिए भी खास पहल की है। 18 से 30 साल के वोटर्स को मतदान के दिन पोलिंग स्टेशन तक 2 किलोमीटर के दायरे में मुफ्त सवारी की सुविधा दी जाएगी। इसके अलावा पहली बार वोट डालने वाले मतदाताओं के लिए विशेष पैकेट भी तैयार किए गए हैं।
वहीं दूसरी ओर, पश्चिम बंगाल के बहरामपुर में अधीर रंजन चौधरी के साथ जनसंपर्क के दौरान धक्का-मुक्की की घटना सामने आई। कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि यह घटना टीएमसी कार्यकर्ताओं की मौजूदगी में हुई।
तमिलनाडु में भी चुनावी हलचल तेज है। लालगुडी इलाके में फ्लाइंग स्क्वॉड ने करीब 50 लाख रुपये नकद बरामद किए, जिसका कोई वैध हिसाब नहीं दिया जा सका। वहीं मुख्यमंत्री एम के स्टालिन ने तिरुनेलवेली में प्रचार के दौरान अलग अंदाज में रैली को संबोधित करते हुए फिल्मी गाने के जरिए घोषणापत्र समझाया।
इसके अलावा विजय के नामांकन को लेकर भी विवाद खड़ा हो गया है। अलग-अलग सीटों पर दाखिल हलफनामों में जानकारी के अंतर को लेकर सवाल उठ रहे हैं।
कुल मिलाकर, केरल से लेकर पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु तक चुनावी सरगर्मी अपने चरम पर है। अब देखना होगा कि जनता किसे सत्ता सौंपती है और किसके दावों पर मुहर लगती है।