Meta Pixel

47 गेंदों में तूफानी शतक, केएल राहुल ने IPL में रचा नया इतिहास

Spread the love

आईपीएल के मंच पर जब भी बड़े रिकॉर्ड बनते हैं, तो कुछ पारियां ऐसी होती हैं जो लंबे समय तक याद रखी जाती हैं। इस बार यह कारनामा किया है KL Rahul ने, जिन्होंने पंजाब किंग्स के खिलाफ एक ऐसी विस्फोटक पारी खेली, जिसने ना सिर्फ मैच का रुख बदला बल्कि इतिहास के पन्नों में भी अपना नाम दर्ज करा दिया। दिल्ली कैपिटल्स के इस स्टार बल्लेबाज ने मात्र 47 गेंदों में शतक जड़कर बता दिया कि वो क्यों आधुनिक क्रिकेट के सबसे भरोसेमंद और खतरनाक बल्लेबाजों में गिने जाते हैं।

यह शतक राहुल के इस सीजन का पहला शतक रहा, लेकिन उनके आईपीएल करियर का छठा शतक बन गया। इसी के साथ उन्होंने Chris Gayle के रिकॉर्ड की बराबरी कर ली, जिनके नाम भी आईपीएल में 6 शतक दर्ज हैं। हालांकि, सबसे ज्यादा शतकों का रिकॉर्ड अब भी Virat Kohli के नाम है, जिन्होंने अब तक 8 शतक लगाए हैं।

राहुल की यह पारी सिर्फ एक शतक नहीं थी, बल्कि एक आक्रामक और क्लासिकल बल्लेबाजी का शानदार मिश्रण थी। उन्होंने शुरुआत से ही अपने इरादे साफ कर दिए थे। दूसरे ही ओवर में लगातार दो चौके लगाकर उन्होंने गेंदबाजों पर दबाव बना दिया। इसके बाद उन्होंने पीछे मुड़कर नहीं देखा और महज 26 गेंदों में अर्धशतक पूरा कर लिया।

फिफ्टी के बाद राहुल ने अपना गियर और तेज कर दिया। उन्होंने गेंदबाजों की लाइन और लेंथ को पूरी तरह तहस-नहस कर दिया। 14वें ओवर में उन्होंने अर्शदीप सिंह के खिलाफ लगातार तीन चौके और एक छक्का जड़ते हुए स्कोर को 90 के पार पहुंचा दिया। इसके बाद अगले ही ओवर में एक शानदार चौके के साथ उन्होंने अपना शतक पूरा किया।

इस पूरी पारी में राहुल ने 67 गेंदों का सामना करते हुए नाबाद 152 रन बनाए, जिसमें 16 चौके और 9 छक्के शामिल थे। खास बात यह रही कि उन्होंने सिर्फ बाउंड्री से ही 118 रन ठोक दिए, जो उनकी आक्रामकता और टाइमिंग का सबसे बड़ा सबूत है।

इस पारी के साथ राहुल ने एक और अनोखा रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया। वह आईपीएल इतिहास के पहले ऐसे बल्लेबाज बन गए हैं जिन्होंने तीन अलग-अलग टीमों — Punjab Kings, Lucknow Super Giants और Delhi Capitals — के लिए दो-दो शतक लगाए हैं। यह उपलब्धि उनके निरंतर प्रदर्शन और अलग-अलग परिस्थितियों में खुद को ढालने की क्षमता को दर्शाती है।

दिल्ली कैपिटल्स के लिए यह शतक खास इसलिए भी रहा क्योंकि यह टीम के लिए सबसे तेज शतक में से एक बना। साथ ही, यह राहुल के आईपीएल करियर का पहला ऐसा शतक था जो 50 से कम गेंदों में आया।

राहुल की इस पारी ने एक बार फिर साबित कर दिया कि जब वह अपने रंग में होते हैं, तो दुनिया का कोई भी गेंदबाज उनके सामने टिक नहीं सकता। उनका यह प्रदर्शन ना सिर्फ उनकी टीम के लिए बल्कि पूरे टूर्नामेंट के लिए एक बड़ा संदेश है कि केएल राहुल अब सिर्फ एक स्थिर बल्लेबाज नहीं, बल्कि मैच का रुख पलटने वाले खिलाड़ी बन चुके हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *