छत्तीसगढ़ के बिलासपुर के सरकंडा इलाके में आधी रात उस वक्त दहशत फैल गई, जब 20 से ज्यादा नकाबपोश हमलावरों ने एक परिवार को निशाना बनाते हुए सुनियोजित हमला कर दिया। लाठी-डंडों से लैस इन बदमाशों ने घर को चारों ओर से घेर लिया और बिना किसी डर के अंधाधुंध मारपीट शुरू कर दी। इस वारदात ने पूरे इलाके में खौफ का माहौल पैदा कर दिया है।
घटना देर रात की बताई जा रही है, जब मोहल्ले में सन्नाटा पसरा हुआ था। तभी अचानक हमलावरों का झुंड घर के बाहर पहुंचा और देखते ही देखते हमला बोल दिया। परिवार के लोग कुछ समझ पाते, उससे पहले ही मारपीट शुरू हो गई। इस हमले में महिलाओं तक को नहीं बख्शा गया, जिससे हमलावरों की बेरहमी साफ नजर आती है।
पीड़ित परिवार का कहना है कि यह हमला अचानक नहीं, बल्कि पुरानी रंजिश का नतीजा है। पहले भी आरोपियों के साथ विवाद हो चुका था और उसी का बदला लेने के लिए इतनी बड़ी संख्या में लोग इकट्ठा होकर आए। हमले का तरीका और तैयारी यह इशारा करती है कि यह पूरी तरह प्लान बनाकर अंजाम दिया गया।
इस हिंसक वारदात में कई लोग घायल हुए हैं, जिनमें एक की हालत गंभीर बताई जा रही है। उसे तुरंत बेहतर इलाज के लिए रायपुर रेफर किया गया, जबकि अन्य घायलों का इलाज स्थानीय अस्पताल में चल रहा है।
घटना का एक अहम पहलू यह है कि पूरी वारदात CCTV कैमरों में कैद हो गई है। फुटेज में हमलावरों की संख्या, उनका हमला करने का तरीका और उनकी गतिविधियां साफ दिखाई दे रही हैं। सरकंडा पुलिस स्टेशन ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस का दावा है कि फुटेज के आधार पर आरोपियों की पहचान कर जल्द ही गिरफ्तारी की जाएगी।
इस घटना ने एक बार फिर कानून-व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं, क्योंकि इतनी बड़ी संख्या में हमलावरों का खुलेआम हमला करना सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोलता है। अब नजर पुलिस की कार्रवाई पर टिकी है कि दोषियों को कितनी जल्दी पकड़कर सख्त कार्रवाई की जाती है।