सोना और चांदी खरीदने वालों के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। सप्ताह की शुरुआत में कीमती धातुओं की कीमतों में गिरावट दर्ज की गई है। 18 मई को सोने और चांदी दोनों के दाम नीचे आए, जिससे बाजार में हलचल बढ़ गई। खासतौर पर चांदी की कीमत में बड़ी गिरावट देखने को मिली है।
इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन यानी IBJA के मुताबिक 1 किलो चांदी की कीमत में 1,722 रुपए की गिरावट आई है। इसके बाद चांदी का भाव घटकर 2.67 लाख रुपए प्रति किलो पर पहुंच गया। इससे पहले चांदी 2.69 लाख रुपए प्रति किलो के स्तर पर कारोबार कर रही थी।
वहीं सोने की कीमत में भी गिरावट दर्ज की गई। 10 ग्राम 24 कैरेट सोना 389 रुपए सस्ता होकर 1.58 लाख रुपए पर पहुंच गया है। कीमतों में आई इस कमी के बाद बाजार में खरीदारी को लेकर चर्चा तेज हो गई है।
हालांकि आज गिरावट जरूर देखने को मिली है, लेकिन पूरे साल के आंकड़ों पर नजर डालें तो सोना और चांदी दोनों ने निवेशकों को बड़ा रिटर्न दिया है। साल 2026 में अब तक सोने की कीमत करीब 24 हजार रुपए बढ़ चुकी है। वहीं चांदी में भी लगभग 37 हजार रुपए तक की तेजी दर्ज की गई है।
31 दिसंबर 2025 को 10 ग्राम सोने की कीमत करीब 1.33 लाख रुपए थी, जो अब बढ़कर 1.58 लाख रुपए तक पहुंच चुकी है। इसी तरह चांदी भी 2.30 लाख रुपए प्रति किलो से बढ़कर 2.67 लाख रुपए के स्तर तक पहुंच गई।
इस साल सोने और चांदी ने रिकॉर्ड स्तर भी छुए। 29 जनवरी 2026 को सोने ने 1.76 लाख रुपए प्रति 10 ग्राम का ऑल टाइम हाई बनाया था। वहीं चांदी 3.86 लाख रुपए प्रति किलो तक पहुंच गई थी। इसके बाद से बाजार में लगातार उतार-चढ़ाव बना हुआ है।
विशेषज्ञों के मुताबिक अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनिश्चितता, डॉलर में उतार-चढ़ाव, केंद्रीय बैंकों की खरीदारी और वैश्विक तनाव के कारण सोने-चांदी की कीमतों में तेजी देखने को मिल रही है। इसके अलावा भारत सरकार की इंपोर्ट ड्यूटी बढ़ाने की नीति का भी बाजार पर असर पड़ा है।
केंद्र सरकार ने हाल ही में सोने और चांदी पर लगने वाली आयात शुल्क को 6 प्रतिशत से बढ़ाकर 15 प्रतिशत कर दिया है। इसमें 10 प्रतिशत बेसिक कस्टम ड्यूटी और 5 प्रतिशत एग्रीकल्चर इंफ्रास्ट्रक्चर एंड डेवलपमेंट सेस यानी AIDC शामिल है। सरकार के इस फैसले के बाद घरेलू बाजार में कीमतों पर अतिरिक्त दबाव देखने को मिला।
अगर आप सोना खरीदने की योजना बना रहे हैं तो कुछ जरूरी बातों का ध्यान रखना बेहद जरूरी है। विशेषज्ञों का कहना है कि हमेशा BIS हॉलमार्क वाला सर्टिफाइड गोल्ड ही खरीदना चाहिए। हॉलमार्क से यह पता चलता है कि सोना कितने कैरेट का है और उसकी शुद्धता कितनी है।
सोना खरीदते समय कीमत की जांच करना भी जरूरी है। अलग-अलग प्लेटफॉर्म और IBJA जैसी विश्वसनीय वेबसाइट्स पर जाकर सोने का भाव जरूर चेक करना चाहिए। क्योंकि 24 कैरेट, 22 कैरेट और 18 कैरेट सोने की कीमतें अलग-अलग होती हैं।
बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले समय में भी सोने और चांदी की कीमतों में उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है। ऐसे में निवेशकों और खरीदारों को बाजार की चाल पर नजर बनाए रखने की सलाह दी जा रही है।