Elon Musk जल्द ही दुनिया के पहले ट्रिलियनेयर बनने की दहलीज पर पहुंच सकते हैं। इसकी सबसे बड़ी वजह उनकी स्पेस और सैटेलाइट कंपनी SpaceX का संभावित IPO माना जा रहा है, जिसे वॉल स्ट्रीट के इतिहास का सबसे बड़ा IPO बताया जा रहा है।
रिपोर्ट्स के मुताबिक SpaceX ने शेयर बाजार में लिस्ट होने की तैयारी शुरू कर दी है और कंपनी ने SPCX टिकर सिंबल के तहत लिस्टिंग प्लान पेश किया है। इस प्रक्रिया के साथ पहली बार कंपनी की लीडरशिप, ओनरशिप स्ट्रक्चर और फाइनेंशियल डिटेल्स सार्वजनिक हुई हैं।
फोर्ब्स के अनुसार फिलहाल इलॉन मस्क करीब 807 बिलियन डॉलर की संपत्ति के साथ दुनिया के सबसे अमीर व्यक्ति हैं। अगर SpaceX की लिस्टिंग उसकी अनुमानित वैल्यूएशन पर होती है, तो मस्क की कुल नेटवर्थ 1 ट्रिलियन डॉलर यानी लगभग 1000 बिलियन डॉलर के पार पहुंच सकती है।
रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि SpaceX ने अपनी वैल्यूएशन करीब 1.25 ट्रिलियन डॉलर आंकी है। BBC की रिपोर्ट के अनुसार इस वैल्यूएशन के आधार पर कंपनी में मस्क की हिस्सेदारी की कीमत 600 बिलियन डॉलर से ज्यादा हो सकती है। उनकी मौजूदा संपत्ति को जोड़ने पर वह दुनिया के पहले ट्रिलियनेयर बन सकते हैं।
मस्क पहले ही 500 बिलियन डॉलर की संपत्ति पार करने वाले दुनिया के पहले व्यक्ति बन चुके हैं। वह Tesla के CEO भी हैं और SpaceX में उनके पास 85 प्रतिशत से ज्यादा वोटिंग पावर मौजूद है।
IPO फाइलिंग के जरिए SpaceX की लीडरशिप स्ट्रक्चर की जानकारी भी सामने आई है। कंपनी में मस्क चेयरमैन की भूमिका निभा रहे हैं, जबकि Gwynne Shotwell प्रेसिडेंट और COO के तौर पर कार्यरत हैं। बोर्ड में कई बड़े निवेशक और टेक इंडस्ट्री से जुड़े नाम भी शामिल हैं।
रिपोर्ट्स के मुताबिक मस्क को 2019 से हर साल 54,080 डॉलर की फिक्स सैलरी मिल रही है। हालांकि कंपनी ने उनके लिए बेहद महत्वाकांक्षी शेयर अवॉर्ड प्लान तैयार किया है। इसके तहत मस्क को करोड़ों शेयर तभी दिए जाएंगे, जब SpaceX की वैल्यूएशन 7.5 ट्रिलियन डॉलर तक पहुंचे और मंगल ग्रह पर कम से कम 10 लाख लोगों की स्थायी मानव बस्ती स्थापित करने का लक्ष्य पूरा हो।
SpaceX ने अपने विजन डॉक्यूमेंट में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, सैटेलाइट इंटरनेट और स्पेस एक्सप्लोरेशन को भविष्य का सबसे बड़ा अवसर बताया है। कंपनी ने कहा कि उसका उद्देश्य “मानव जीवन को मल्टीप्लेनेटरी बनाना” और ब्रह्मांड की वास्तविक प्रकृति को समझना है।
मस्क ने 2002 में SpaceX की शुरुआत एक रॉकेट कंपनी के रूप में की थी। बाद में कंपनी ने Starlink सैटेलाइट इंटरनेट सर्विस लॉन्च कर टेलीकॉम सेक्टर में भी कदम रखा। अब कंपनी AI आधारित डेटा सेंटर्स, सैटेलाइट नेटवर्क और भविष्य में चंद्रमा तथा अन्य ग्रहों पर मानव बस्तियां बसाने जैसे प्रोजेक्ट्स पर काम कर रही है।
SpaceX का दावा है कि आने वाले समय में उसके सामने 28.5 ट्रिलियन डॉलर का संभावित मार्केट अवसर मौजूद है। इसमें AI, सैटेलाइट इंटरनेट, स्पेस टेक्नोलॉजी और एंटरप्राइज सर्विसेज जैसे बड़े सेक्टर शामिल हैं।
हालांकि कंपनी अभी भारी निवेश और खर्च के दौर से गुजर रही है। पिछले साल SpaceX ने 18.6 बिलियन डॉलर का रेवेन्यू दर्ज किया, लेकिन उसे 4.9 बिलियन डॉलर का नेट लॉस भी हुआ। AI इंफ्रास्ट्रक्चर, स्टारलिंक नेटवर्क और स्पेस प्रोजेक्ट्स पर कंपनी तेजी से खर्च बढ़ा रही है।
अब पूरी दुनिया की नजर इस बात पर टिकी है कि SpaceX का IPO कब आता है और क्या इलॉन मस्क वास्तव में इतिहास के पहले ट्रिलियनेयर बन पाएंगे।