बारिश का मौसम शुरू होते ही बाजार में कई तरह की मौसमी सब्जियां नजर आने लगती हैं। इन्हीं में से एक है जिमीकंद, जिसे सूरन के नाम से भी जाना जाता है। स्वाद में खास जिमीकंद पोषक तत्वों से भी भरपूर माना जाता है।
जिमीकंद में फाइबर, पोटैशियम, विटामिन B6 और कई जरूरी मिनरल्स पाए जाते हैं। सही तरीके से पकाकर और संतुलित मात्रा में इसका सेवन करने से पाचन से लेकर वजन नियंत्रण और शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बेहतर बनाए रखने में मदद मिल सकती है।
आइए जानते हैं जिमीकंद खाने के 6 बड़े फायदे और इसके सेवन के दौरान किन बातों का ध्यान रखना जरूरी है।
पाचन तंत्र को स्वस्थ रखने में मददगार
जिमीकंद में डाइटरी फाइबर अच्छी मात्रा में पाया जाता है। फाइबर आंतों की सामान्य कार्यप्रणाली को बेहतर बनाए रखने में मदद करता है।
संतुलित मात्रा में जिमीकंद खाने से कब्ज जैसी पाचन संबंधी समस्याओं से राहत मिल सकती है। यह पेट को साफ रखने और पाचन तंत्र को स्वस्थ बनाए रखने में भी सहायक हो सकता है।
वजन नियंत्रित करने में हो सकता है फायदेमंद
वजन कम करने की कोशिश कर रहे लोगों के लिए जिमीकंद डाइट का हिस्सा बन सकता है।
इसमें मौजूद फाइबर के कारण पेट लंबे समय तक भरा हुआ महसूस हो सकता है। इससे बार-बार भूख लगने और जरूरत से ज्यादा खाना खाने की आदत को नियंत्रित करने में मदद मिल सकती है।
हालांकि वजन कम करने के लिए जिमीकंद को ज्यादा तेल में तलने के बजाय उबालकर या कम तेल में पकाकर खाना बेहतर विकल्प हो सकता है।
ब्लड शुगर को संतुलित रखने में मदद
जिमीकंद का ग्लाइसेमिक इंडेक्स अपेक्षाकृत कम माना जाता है। इसमें मौजूद फाइबर शरीर में कार्बोहाइड्रेट के अवशोषण की गति को धीमा करने में मदद कर सकता है।
इससे ब्लड शुगर के स्तर में अचानक होने वाले बदलाव को नियंत्रित रखने में सहायता मिल सकती है।
हालांकि डायबिटीज के मरीज जिमीकंद को अपनी डाइट में शामिल करने से पहले डॉक्टर या डाइट एक्सपर्ट की सलाह जरूर लें।
दिल की सेहत के लिए भी फायदेमंद
जिमीकंद में पोटैशियम और फाइबर जैसे पोषक तत्व पाए जाते हैं। पोटैशियम शरीर में रक्तचाप को संतुलित बनाए रखने में मदद कर सकता है।
वहीं फाइबर खराब कोलेस्ट्रॉल यानी LDL को नियंत्रित रखने में सहायक हो सकता है। संतुलित आहार के हिस्से के रूप में जिमीकंद का सेवन दिल की सेहत के लिए फायदेमंद माना जाता है।
इम्यूनिटी मजबूत करने में सहायक
जिमीकंद में विटामिन B6, एंटीऑक्सीडेंट्स और कई जरूरी पोषक तत्व मौजूद होते हैं।
ये पोषक तत्व शरीर की सामान्य रोग प्रतिरोधक क्षमता को बेहतर बनाए रखने में मदद कर सकते हैं। मानसून के मौसम में संतुलित और पौष्टिक आहार के साथ जिमीकंद को भी डाइट में शामिल किया जा सकता है।
हड्डियों और मांसपेशियों के लिए फायदेमंद
जिमीकंद में पोटैशियम, मैग्नीशियम और अन्य जरूरी मिनरल्स पाए जाते हैं।
ये पोषक तत्व मांसपेशियों की सामान्य कार्यप्रणाली और हड्डियों के स्वास्थ्य को बनाए रखने में योगदान दे सकते हैं। संतुलित मात्रा में इसका सेवन शरीर को ऊर्जा देने में भी मदद कर सकता है।
जिमीकंद खाते समय इन बातों का रखें ध्यान
कच्चे जिमीकंद में कैल्शियम ऑक्सलेट क्रिस्टल पाए जाते हैं। इसकी वजह से कुछ लोगों को गले, मुंह या त्वचा में खुजली और जलन महसूस हो सकती है।
इसलिए जिमीकंद को हमेशा अच्छी तरह साफ करके और पूरी तरह पकाने के बाद ही खाना चाहिए।
जिन लोगों को किडनी स्टोन, एलर्जी या किसी विशेष स्वास्थ्य समस्या की शिकायत है, उन्हें जिमीकंद का सेवन करने से पहले डॉक्टर की सलाह लेनी चाहिए।
सही तरीके से पकाया गया जिमीकंद स्वादिष्ट होने के साथ पौष्टिक भी हो सकता है। संतुलित मात्रा में इसे डाइट में शामिल करके फाइबर और कई जरूरी पोषक तत्व प्राप्त किए जा सकते हैं।
Disclaimer: इस लेख में दी गई जानकारी केवल सामान्य जानकारी और जागरूकता के उद्देश्य से है। किसी भी स्वास्थ्य संबंधी सलाह या डाइट में बदलाव करने से पहले डॉक्टर या विशेषज्ञ से परामर्श जरूर लें।