बिलासपुर के व्यापार विहार रोड स्थित अमरॉन रॉयल ऑटोमोटिव में जीएसटी विभाग और छत्तीसगढ़ पर्यावरण संरक्षण मंडल ने संयुक्त कार्रवाई की है। टीम ने लाखों रुपए कीमती प्रयुक्त लेड-एसिड बैटरियों से भरे एक ट्रक को जब्त कर लिया। शुरुआती जांच में सामने आया है कि बैटरियों को आवश्यक अनुमति और वैधानिक दस्तावेजों के बिना नागपुर भेजने की तैयारी की जा रही थी।
संयुक्त टीम ने मौके पर ट्रक, पुरानी बैटरियों और परिवहन से जुड़े दस्तावेजों की बारीकी से जांच की। अधिकारियों के अनुसार शुरुआती जांच में कई अनियमितताएं सामने आने पर ट्रक को मौके पर ही जब्त कर लिया गया। बताया जा रहा है कि गणेश साहू नामक व्यक्ति बैटरियों को नागपुर भेजने की तैयारी में था। उससे पूछताछ की जा रही है और पूरे मामले की कड़ियां खंगाली जा रही हैं।
एसिडयुक्त पानी नाले में बहाने की शिकायत
कार्रवाई के दौरान स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया कि पुरानी बैटरियों से निकलने वाला एसिडयुक्त पानी खुले नाले में बहाया जा रहा था। इससे पर्यावरण और आसपास रहने वाले लोगों के स्वास्थ्य पर गंभीर खतरा पैदा हो सकता है। शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए पर्यावरण विभाग ने प्रदूषण संबंधी पहलुओं की भी विस्तृत जांच शुरू कर दी है।
जीएसटी विभाग खंगाल रहा खरीदी-बिक्री का रिकॉर्ड
जीएसटी विभाग बैटरी स्क्रैप की खरीदी-बिक्री, स्टॉक और परिवहन से जुड़े दस्तावेजों की जांच कर रहा है। कार्रवाई के दौरान स्क्रैप सामग्री भी जब्त की गई है। अधिकारी यह पता लगाने में जुटे हैं कि प्रयुक्त बैटरियां कहां से लाई गई थीं।
इन्हें नागपुर भेजने का निर्देश किसने दिया और पूरे कारोबार में कर संबंधी नियमों के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण से जुड़े प्रावधानों का पालन किया गया था या नहीं। फिलहाल, मामले की जांच जारी है। जांच रिपोर्ट के आधार पर संबंधित विभागों द्वारा आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।