सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने 26 दिनों तक चले अपने भूख हड़ताल को समाप्त कर दिया है। हालांकि, कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने साफ कर दिया है कि NEET-UG 2026 पेपर लीक मामले को लेकर उसका विरोध प्रदर्शन जारी रहेगा। पार्टी का कहना है कि जब तक केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफा नहीं देते, तब तक आंदोलन खत्म नहीं होगा।
बातचीत के बाद खत्म हुआ अनशन
सोनम वांगचुक ने गुरुग्राम स्थित मेदांता अस्पताल में अपना अनशन समाप्त किया। यह फैसला केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा, डॉ. जितेंद्र सिंह और लेह-लद्दाख एपेक्स बॉडी के वरिष्ठ प्रतिनिधियों के साथ हुई विस्तृत चर्चा के बाद लिया गया।
सोशल मीडिया पर जानकारी साझा करते हुए वांगचुक ने बताया कि विभिन्न राजनीतिक दलों के 65 सांसदों के आग्रह और किसी भी संभावित हिंसक स्थिति से बचने के उद्देश्य से उन्होंने यह कदम उठाया। उन्होंने लोगों से शांति और संयम बनाए रखने की अपील भी की।
पीएम मोदी ने दी शुभकामनाएं
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोनम वांगचुक के अनशन समाप्त करने पर खुशी जताई और उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की। उन्होंने संदेश में कहा कि वांगचुक डॉक्टरों की सलाह का पूरी तरह पालन करें, अपनी दिनचर्या का ध्यान रखें और जल्द ही पूरी तरह स्वस्थ होकर सामान्य जीवन में लौटें।
CJP ने आंदोलन जारी रखने का किया ऐलान
वांगचुक के अनशन समाप्त होने के बावजूद कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने अपने आंदोलन को जारी रखने का निर्णय लिया है। पार्टी के संस्थापक अभिजीत डिपके ने कहा कि सोनम वांगचुक का संघर्ष देश के लिए प्रेरणादायक रहा है और इस मुद्दे पर न्याय मिलने तक आवाज उठती रहेगी।
पार्टी ने दोहराया कि NEET-UG 2026 पेपर लीक मामले में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफा देना चाहिए। जब तक ऐसा नहीं होता, तब तक विरोध प्रदर्शन जारी रहेगा।
जंतर-मंतर समेत देशभर में होंगे प्रदर्शन
CJP ने घोषणा की है कि दिल्ली के जंतर-मंतर सहित देश के विभिन्न हिस्सों में शुक्रवार को शांतिपूर्ण प्रदर्शन आयोजित किए जाएंगे। पार्टी ने अपने समर्थकों से शांतिपूर्ण तरीके से आंदोलन में शामिल होने की अपील की है।