भिलाई इस्पात संयंत्र के मानव संसाधन विभाग, मिल्स जोन-1 के तत्वावधान में महिला संविदा कर्मियों को स्वास्थ्य, सुरक्षा एवं श्रम कल्याण से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियों से अवगत कराने के उद्देश्य से ‘नई चेतना’ कार्यशाला का आयोजन 27 अगस्त 2026 को बार एंड रॉड मिल के सभागार में किया गया। कार्यक्रम में मुख्य महाप्रबंधक (बीआरएम एवं एमडब्ल्यूआरएम) श्री योगेश शास्त्री मुख्य अतिथि तथा महाप्रबंधक (बीआरएम) श्री आशीष विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम में बीआरएम एवं एमडब्ल्यूआरएम में कार्यरत 45 महिला संविदा कर्मियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की।
इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य महिला श्रमिकों को विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं, वैधानिक प्रावधानों तथा औद्योगिक सुरक्षा, स्वास्थ्य एवं कार्यस्थल पर महिलाओं के यौन उत्पीड़न से संरक्षण (पॉश) अधिनियम से संबंधित प्रावधानों जैसे महत्वपूर्ण विषयों के प्रति जागरूक करना था।
कार्यक्रम के प्रारंभ में वरिष्ठ प्रबंधक (मानव संसाधन मिल्स जोन-1) सुश्री प्रियंका मीना ने स्वागत उद्बोधन प्रस्तुत करते हुए ‘नई चेतना’ पहल की रूपरेखा एवं उद्देश्य पर प्रकाश डालते हुए कहा कि महिला श्रमिकों को अपने अधिकारों एवं कर्तव्यों के साथ-साथ स्वास्थ्य और सुरक्षा के प्रति जागरूक करना इस कार्यक्रम का प्रमुख उद्देश्य है। उन्होंने बताया कि जागरूकता के माध्यम से महिला कर्मियों को उपलब्ध सुविधाओं का बेहतर लाभ लेने तथा कार्यस्थल पर सुरक्षित व्यवहार अपनाने के लिए सक्षम बनाया जा सकता है।
मुख्य अतिथि श्री योगेश शास्त्री ने कार्यक्रम की सराहना करते हुए संयंत्र की कार्यप्रणाली में महिला संविदा कर्मियों के योगदान पर प्रकाश डालते हुए कहा कि महिलाएं परिवार एवं कार्यस्थल, दोनों जिम्मेदारियों का कुशलतापूर्वक निर्वहन करती हैं। उन्होंने महिला कर्मियों से कार्य के दौरान सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने तथा कार्यक्रम में साझा की जा रही उपयोगी जानकारियों को अपने दैनिक कार्य-व्यवहार में अपनाने का आह्वान किया।
तकनीकी एवं जागरूकता सत्र के दौरान सहायक प्रबंधक (मानव संसाधन-सेवाएँ) डॉ. उपेन्द्र शर्मा ने संविदा कर्मियों के वैधानिक अधिकारों, वेतन तथा ईएसआई के अंतर्गत चिकित्सा सुविधाओं, पेंशन, मातृत्व लाभ सहित विभिन्न कल्याणकारी प्रावधानों की जानकारी सरल एवं व्यावहारिक तरीके से दी। उन्होंने महिला कर्मियों को उपलब्ध सामाजिक सुरक्षा एवं कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी रखते हुए आवश्यकतानुसार उनका लाभ लेने के लिए प्रेरित किया। वहीं, सुश्री प्रियंका मीना ने स्वास्थ्य एवं स्वच्छता, कार्यस्थल सुरक्षा, सड़क सुरक्षा तथा पॉश अधिनियम से जुड़े महत्वपूर्ण प्रावधानों पर प्रतिभागियों को जागरूक किया।
कार्यक्रम के दौरान महिला संविदा कर्मियों ने अपने कार्य एवं कल्याण से जुड़े विभिन्न विषयों पर प्रश्न एवं जिज्ञासाएं रखीं। विशेषज्ञों ने प्रतिभागियों की जिज्ञासाओं का समाधान करते हुए उन्हें वैधानिक अधिकारों, उपलब्ध कल्याणकारी सुविधाओं एवं सुरक्षा प्रावधानों के संबंध में आवश्यक जानकारी प्रदान की। इस संवादात्मक सत्र ने प्रतिभागियों को अपने अधिकारों एवं उपलब्ध सुविधाओं को बेहतर ढंग से समझने का अवसर प्रदान किया।
कार्यक्रम को सफल बनाने में मिल्स जोन-1 मानव संसाधन विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों का महत्वपूर्ण योगदान रहा। ‘नई चेतना’ जैसी जागरूकता कार्यशालाएं महिला ठेका श्रमिकों को स्वास्थ्य, सुरक्षा, कार्यस्थल पर सम्मानपूर्वक काम, सामाजिक सुरक्षा एवं श्रम कल्याण संबंधी अधिकारों के प्रति सजग बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।