फरसगांव। छत्तीसगढ़ के कोंडागांव जिले के फरसगांव थाना क्षेत्र में नाबालिग से दुष्कर्म के मामले में विशेष पॉक्सो अदालत ने आरोपी को कड़ी सजा सुनाई है। सोनाबेड़ा प्लाटपारा निवासी देवनाथ नेताम को न्यायालय ने 20 वर्ष के सश्रम कारावास की सजा दी है। इसके साथ ही अदालत ने उस पर 500 रुपये का अर्थदंड भी लगाया है।
अर्थदंड की राशि जमा नहीं करने की स्थिति में आरोपी को एक महीने का अतिरिक्त सश्रम कारावास भुगतना होगा।
POCSO एक्ट के तहत दोष सिद्ध
मामले में फरसगांव थाने में अपराध क्रमांक 125/2025 दर्ज किया गया था। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से पेश किए गए साक्ष्यों के आधार पर आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 64(2)(m), 65(1) और पॉक्सो एक्ट की धारा 6 के तहत आरोप सिद्ध हुए।
इसके बाद अपर सत्र न्यायाधीश FTC (POCSO), कोंडागांव की विशेष अदालत ने पॉक्सो एक्ट की धारा 6 के तहत आरोपी को 20 साल के सश्रम कारावास की सजा सुनाई।
286 दिन न्यायिक अभिरक्षा में रहा आरोपी
अदालती रिकॉर्ड के मुताबिक, आरोपी 3 अक्टूबर 2025 से 15 जुलाई 2026 तक न्यायिक अभिरक्षा में रहा। इस दौरान उसने कुल 286 दिन न्यायिक हिरासत में बिताए।