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बारिश थमते ही राजनांदगांव में 32° पहुंचा पारा:आज कई जिलों में बरसेंगे बादल; बिजली गिरने का भी खतरा, दो दिन बाद कम होगी एक्टिविटी

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छत्तीसगढ़ में आज (शनिवार) कई जगह बारिश का दौर जारी रह सकता है। मौसम विभाग ने प्रदेश के कुछ हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश और कहीं-कहीं गरज-चमक के साथ बिजली गिरने की चेतावनी दी है। रायपुर में भी बादल छाए रहने और बारिश के एक-दो दौर होने की संभावना है। हालांकि, अगले 24 घंटे बाद बारिश की गतिविधियों में कमी आने की संभावना है। पिछले 24 घंटे में प्रदेश के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश हुई। रायपुर शहर में 40 MM, माना एयरपोर्ट में 20 MM और लाभांडी में 40 MM बारिश दर्ज की गई। शुक्रवार को बारिश थमने के बाद राजनांदगांव का अधिकतम तापमान बढ़कर 32 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया।

राजनांदगांव सबसे गर्म, पेंड्रारोड में सबसे ठंडा

प्रदेश में शुक्रवार को सबसे अधिक तापमान राजनांदगांव में 32 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं सबसे कम न्यूनतम तापमान पेंड्रारोड में 20 डिग्री सेल्सियस रहा।

सीजन की बारिश सामान्य से 2% कम

छत्तीसगढ़ में मानसून सीजन की बारिश फिलहाल सामान्य स्थिति में है। प्रदेश में सामान्य के मुकाबले 2% कम बारिश दर्ज हुई है। मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में भी बारिश का दौर जारी रहने का अनुमान जताया है।

बलरामपुर में 75% ज्यादा, बेमेतरा में 39% कम बारिश

छत्तीसगढ़ में 1 जून से 4 सितंबर तक मानसून की बारिश का आंकड़ा भले ही सामान्य से सिर्फ 2% कम है, लेकिन जिलेवार तस्वीर काफी अलग है। प्रदेश में कहीं बारिश ने कमी का रिकॉर्ड बनाया है तो कहीं सामान्य से बहुत ज्यादा पानी गिरा है।

सबसे ज्यादा बारिश बलरामपुर में 1433.1 मिमी (56.42 इंच) दर्ज की गई है, जो सामान्य से 75% ज्यादा है। दूसरी ओर बेमेतरा में सिर्फ 536.7 मिमी (21.13 इंच) बारिश हुई, जो सामान्य से 39% कम है।

यानी प्रदेश के सबसे ज्यादा और सबसे कम बारिश वाले इन दो जिलों के बीच करीब 896.4 मिमी (35.29 इंच) बारिश का अंतर है।

प्रदेश में कुल बारिश की तस्वीर

1 जून से 3 सितंबर तक छत्तीसगढ़ में औसत बारिश 944.7 मिमी (37.19 इंच) हुई है। इस अवधि में सामान्य बारिश 962.6 मिमी (37.90 इंच) मानी गई है। इस हिसाब से प्रदेश में बारिश 17.9 मिमी (0.70 इंच) कम, यानी 2% कम है।

लेकिन यह आंकड़ा पूरे प्रदेश का औसत है। जिलों को अलग-अलग देखें तो तस्वीर काफी बदल जाती है।

33 जिलों में:

  • 7 जिलों में सामान्य से 20% या उससे ज्यादा बारिश हुई।
  • 4 जिले ऐसे हैं जहां बारिश 20% से ज्यादा कम रही।
  • 22 जिलों में बारिश सामान्य श्रेणी में है।

यानी राज्य की कुल बारिश सामान्य के आसपास है, लेकिन कई जिलों में बारिश का बैलेंस बिगड़ा हुआ है

अब 11 पॉइंट्स में समझिए छत्तीसगढ़ में बारिश का पूरा खेल

1. बलरामपुर सबसे आगे: 1433 मिमी बारिश

बारिश के मामले में बलरामपुर सबसे ऊपर है। यहां अब तक 1433.1 मिमी (56.42 इंच) बारिश हो चुकी है, जबकि सामान्य बारिश 820 मिमी (32.28 इंच) है। यानी जिले में 75% ज्यादा बारिश हुई है। सामान्य के मुकाबले करीब 613 मिमी (24.13 इंच) ज्यादा पानी गिर चुका है। यह प्रदेश में सबसे ज्यादा लार्ज एक्सेस बारिश है।

2. सरगुजा संभाग में ही बड़ा विरोधाभास

खास बात यह है कि एक ही क्षेत्र के जिलों में बारिश का मिजाज काफी अलग है। बलरामपुर में 75% ज्यादा बारिश हुई है, जबकि सरगुजा में 37% कम। सरगुजा में 1 जून से 3 सितंबर तक सिर्फ 621.5 मिमी (24.47 इंच) बारिश हुई है, जबकि सामान्य आंकड़ा 983.7 मिमी (38.73 इंच) है।

यानी करीब 362 मिमी (14.25 इंच) बारिश की कमी है। जशपुर में भी 33% कमी है। यहां 762.5 मिमी (30.02 इंच) बारिश हुई, जबकि सामान्य 1129.7 मिमी (44.48 इंच) है। इस तरह सरगुजा क्षेत्र के कुछ जिलों में जहां भारी बारिश हुई, वहीं कुछ जिलों में मानसून कमजोर रहा।

3. बेमेतरा प्रदेश का सबसे कम बारिश वाला जिला

बारिश की कमी के मामले में बेमेतरा सबसे पीछे है। यहां अभी तक 536.7 मिमी (21.13 इंच) बारिश हुई है, जबकि सामान्य बारिश 881.3 मिमी (34.70 इंच) है। यानी 344.6 मिमी (13.57 इंच) पानी कम गिरा है। प्रतिशत में यह सामान्य से 39% कम है।

इसके बाद सरगुजा -37%, कांकेर -36%, जशपुर -33% ये चारों जिले प्रदेश के सबसे ज्यादा डेफिशिएंट रेनफॉल वाले जिले हैं।

4. सारंगढ़-बिलाईगढ़ में 44% ज्यादा बारिश

बलरामपुर के बाद सारंगढ़-बिलाईगढ़ में सबसे ज्यादा बारिश हुई है। यहां 1104.7 मिमी (43.49 इंच) बारिश दर्ज की गई, जबकि सामान्य आंकड़ा 765.1 मिमी (30.12 इंच) है। यानी सामान्य से 44% ज्यादा बारिश हुई।

इसके बाद मुंगेली में 32% ज्यादा, बालौदा बाजार और नारायणपुर में 23% ज्यादा, रायपुर में 21% ज्यादा और महासमुंद में 20% ज्यादा बारिश हुई है।

5. रायपुर में भी सामान्य से ज्यादा बारिश

राजधानी रायपुर की बारिश भी इस बार सामान्य से ऊपर है। रायपुर में अब तक 1027.5 मिमी (40.45 इंच) बारिश हुई है, जबकि सामान्य बारिश 852 मिमी (33.54 इंच) है। यानी यहां 175.5 मिमी (6.91 इंच) ज्यादा बारिश हुई है। प्रतिशत में यह 21% एक्सेस है।

इसलिए प्रदेश का औसत 2% कम होने के बावजूद रायपुर जिला बारिश के मामले में एक्सेस कैटेगरी में है।

6. 1000 मिमी से ज्यादा बारिश वाले जिले

कई जिलों में मानसून ने 1000 मिमी का आंकड़ा पार कर लिया है। इनमें%

बलरामपुर — 1433.1 मिमी (56.42 इंच)

नारायणपुर — 1283 मिमी (50.51 इंच)

बीजापुर — 1241 मिमी (48.86 इंच)

सारंगढ़-बिलाईगढ़ — 1104.7 मिमी (43.49 इंच)

सूरजपुर — 1099.4 मिमी (43.28 इंच)

दंतेवाड़ा — 1081.5 मिमी (42.58 इंच)

जांजगीर — 1074.8 मिमी (42.31 इंच)

महासमुंद — 1068.2 मिमी (42.06 इंच)

मुंगेली — 1047.7 मिमी (41.25 इंच)

रायपुर — 1027.5 मिमी (40.45 इंच)

कोरबा — 1018.1 मिमी (40.08 इंच)

गरियाबंद — 1015.8 मिमी (40.00 इंच)

यानी प्रदेश के कई जिलों में सीजन की बारिश पहले ही 1000 मिमी से ज्यादा हो चुकी है।

7. सबसे बड़ा फर्क:बलरामपुर बनाम बेमेतरा

अगर सिर्फ दो जिलों को आमने-सामने रखें तो मानसून की असली तस्वीर समझ आती है। बलरामपुर में जहां सामान्य से 613.1 मिमी (24.14 इंच) ज्यादा बारिश हुई है, वहीं बेमेतरा में सामान्य से 344.6 मिमी (13.57 इंच) कम बारिश हुई है। यानी दोनों जिलों के बीच वास्तविक बारिश का अंतर करीब 896 मिमी (35.28 इंच) है।

8. ये जिले बारिश के मामले में सबसे आगे

सामान्य से ज्यादा बारिश वाले 7 जिले हैं:

  • बलरामपुर — +75%
  • सारंगढ़-बिलाईगढ़ — +44%
  • मुंगेली — +32%
  • बालौदा बाजार — +23%
  • नारायणपुर — +23%
  • रायपुर — +21%
  • महासमुंद — +20%

इनमें बलरामपुर बाकी जिलों से काफी आगे है।

9. इन जिलों में बारिश की सबसे ज्यादा कमी

सबसे ज्यादा डेफिसिट वाले 4 जिले:

  • बेमेतरा — -39%
  • सरगुजा — -37%
  • कांकेर — -36%
  • जशपुर — -33%

इन जिलों में बारिश सामान्य से काफी कम है।

10. “नॉर्मल” का मतलब बारिश बराबर होना नहीं

यहां एक बात समझना जरूरी है। किसी जिले के सामने नॉर्मल लिखा होने का मतलब यह नहीं है कि वहां सामान्य जितनी ही बारिश हुई है। मौसम विभाग की कैटेगरी के हिसाब से सामान्य के आसपास के अंतर को नॉर्मल माना जाता है।

उदाहरण के लिए दुर्ग में बारिश 16% कम है, फिर भी उसकी कैटेगरी नॉर्मल है। इसी तरह कोंडागांव में 19% कमी के बावजूद जिला नॉर्मल कैटेगरी में है।

11. सबसे चौंकाने वाली बात औसत बारिश समान है लेकिन जिलों के बीच बड़ा अंतर

प्रदेश की औसत बारिश सिर्फ 2% कम है। इसे देखकर लग सकता है कि पूरे छत्तीसगढ़ में बारिश लगभग बराबर हुई है। लेकिन जिलेवार आंकड़े बताते हैं कि ऐसा नहीं है। एक तरफ बलरामपुर +75% पर है, तो दूसरी तरफ बेमेतरा -39% पर।

इसी तरह रायपुर में +21%, जबकि सरगुजा में -37% बारिश है। यानी मानसून पूरे प्रदेश में एक जैसा नहीं रहा। एक ही राज्य में कहीं बारिश का पानी ज्यादा है तो कहीं कमी बनी हुई है।

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