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केशकाल वन विभाग की सख्त कार्रवाई : बेदखली के बाद फिर वनभूमि पर कब्जे की कोशिश, 24 हेक्टेयर जमीन पर अतिक्रमण

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केशकाल। वन मंडल केशकाल अंतर्गत वनभूमि पर अवैध अतिक्रमण, पेड़ों की कटाई और बेदखली के बाद दोबारा कब्जा करने के प्रयासों को लेकर वन विभाग ने सख्त रुख अपनाया है। विभाग ने वनभूमि और वन संपदा की सुरक्षा के लिए विभिन्न क्षेत्रों में कार्रवाई की है। इसी क्रम में ग्राम चिपरेल और सालेभाट क्षेत्र में वनभूमि पर दोबारा अतिक्रमण के प्रयास के मामले में संबंधित व्यक्तियों के विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई करते हुए उन्हें न्यायिक प्रक्रिया के तहत केंद्रीय जेल जगदलपुर भेजा गया।

वन विभाग ने पेड़ों की कटाई का मामला पकड़ा
वन विभाग से मिली जानकारी के अनुसार, 28 अक्टूबर 2026 को वन मंडलाधिकारी दिव्या गौतम के मार्गदर्शन एवं उपवनमंडलाधिकारी केशकाल सुषमा जे. नेताम के नेतृत्व में केशकाल परिक्षेत्र के उपपरिक्षेत्र दादरगढ़ अंतर्गत परिसर हरवेल के कक्ष क्रमांक आर.एफ. 1112 में कार्रवाई की गई। संबंधित वनभूमि पर पूर्व में बेदखली की कार्रवाई की जा चुकी थी, लेकिन इसके बावजूद दोबारा पेड़ों की कटाई और अतिक्रमण का प्रयास किए जाने का मामला सामने आया।

जेल भेजे जाने की संख्या पर संशय
इस मामले में ग्राम चिपरेल निवासी भरत पिता रामप्रसाद के साथ अन्य 18 व्यक्तियों और घसुराम पिता रामनाथ के साथ अन्य 16 व्यक्तियों के विरुद्ध वन अधिनियम के तहत कार्रवाई की गई। विभागीय विवरण में कुल 36 व्यक्तियों और लगभग 24 हेक्टेयर वनभूमि का उल्लेख है। हालांकि, उपलब्ध जानकारी के शीर्षक में 34 व्यक्तियों को जेल भेजे जाने की बात कही गई है। जेल भेजे गए व्यक्तियों की वास्तविक संख्या की पुष्टि आवश्यक है।

विभिन्न क्षेत्रों में भी अतिक्रमण के विरुद्ध कार्रवाई
वन मंडल केशकाल के अन्य परिक्षेत्रों में भी वनभूमि को अतिक्रमणमुक्त कराने के लिए अभियान चलाया जा रहा है। इसके तहत अलग-अलग क्षेत्रों में बेदखली की कार्रवाई और नियमानुसार नोटिस जारी किए गए हैं।

बड़ेराजपुर परिक्षेत्र: गोविंदपुर स्थित कक्ष क्रमांक आर.एफ. 1155 में 42 अतिक्रमणकारियों के विरुद्ध बेदखली की कार्रवाई की जा रही है।
ग्राम आमाडीही: कक्ष क्रमांक 1314 में 24 अतिक्रमणकारियों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई करते हुए बेदखली के लिए नोटिस जारी किए गए हैं।
बड़े डोंगर परिक्षेत्र: ग्राम चनियागांव के कक्ष क्रमांक ओ-1406 में लगभग 4 हेक्टेयर वनभूमि को अतिक्रमणमुक्त कराया गया। इस कार्रवाई में वन प्रबंधन समिति चनियागांव के सदस्यों का महत्वपूर्ण योगदान रहा। 
फरसगांव परिक्षेत्र: ग्राम सोडमा के कक्ष क्रमांक 1085 से 24 अतिक्रमणकारियों को वन प्रबंधन समिति के सहयोग से बेदखल किया गया।

वन विभाग और वन प्रबंधन समितियों की संयुक्त भूमिका
चिपरेल एवं आसपास के क्षेत्रों में की गई कार्रवाई में परिक्षेत्र अधिकारी केशकाल  कृष्ण कुमार नेताम, वनक्षेत्रपाल दादरगढ़  देवलाल नेताम, वनक्षेत्रपाल केशकाल मनेश वर्मा, वनक्षेत्रपाल मारी  अनिल कोसरिया, वनपाल एवं परिक्षेत्र सहायक बहीगांव श्री सामाराम नेताम, वनपाल खालेमुरवेंड  बुद्धचंद मरकाम तथा वनरक्षक दादरगढ़  चंद्रकिशोर नाग सहित वन विभाग के कर्मचारियों की भूमिका रही।

अवैध कटाई और अतिक्रमण रोकने में जुटा विभाग
इसके साथ ही वन प्रबंधन समिति सालेभाट एवं चिपरेल के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और कार्यकारिणी सदस्यों ने भी कार्रवाई में सहयोग किया। वन विभाग के अनुसार, वन प्रबंधन समितियों एवं स्थानीय जनप्रतिनिधियों के सहयोग से वन संरक्षण, अवैध कटाई पर नियंत्रण और वनभूमि को अतिक्रमणमुक्त रखने के प्रयास किए जा रहे हैं।

वनभूमि पर कब्जा करने वालों को सख्त संदेश
वन विभाग ने आम नागरिकों से अपील की है कि, वे वनभूमि पर अवैध कब्जा न करें और न ही पेड़ों की अवैध कटाई करें। विभाग ने स्पष्ट किया है कि, बेदखली के बाद दोबारा अतिक्रमण करने सहित वन कानूनों के उल्लंघन से जुड़े मामलों में नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। वन संपदा और प्राकृतिक संसाधनों की सुरक्षा सामूहिक जिम्मेदारी है। वन मंडल केशकाल द्वारा वनभूमि की सुरक्षा, अवैध कटाई पर नियंत्रण और अतिक्रमण पर प्रभावी रोक लगाने के लिए अभियान जारी रखने की बात कही गई है।

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