सूरजपुर। कोयला उत्पादन और औद्योगिक गतिविधियों के लिहाज से महत्वपूर्ण एसईसीएल बिश्रामपुर क्षेत्र की बलरामपुर 10/12 भूमिगत खदान में हथियारबंद नकाबपोश बदमाशों ने धावा बोलकर सनसनी फैला दी। बेखौफ बदमाशों ने न केवल लाखों रुपये कीमती केबल काटकर चोरी कर ली, बल्कि ड्यूटी पर तैनात ऑपरेटर को बंधक बनाकर जान से मारने की धमकी भी दी। हैरानी की बात यह है कि, खदान की सुरक्षा में 50 से अधिक त्रिपुरा राइफल के जवानों की तैनाती के बावजूद बदमाशों के हौसले इतने बुलंद हैं।
पंखा घर में घुसकर ऑपरेटर को बनाया बंधक
मिली जानकारी के अनुसार, शुक्रवार देर रात करीब 2 बजे 20 से 25 की संख्या में नकाबपोश बदमाश बलरामपुर 10/12 भूमिगत खदान के पंखा घर में घुस आए। हथियारों से लैस आरोपियों ने वहां ड्यूटी कर रहे ऑपरेटर को अपने कब्जे में ले लिया और विरोध करने पर जान से मारने की धमकी दी। इसके बाद बदमाशों ने लाखों रुपये मूल्य की केबल काटी और उसे लेकर फरार हो गए।
घंटों ठप रही बिजली और वेंटिलेशन व्यवस्था
केबल चोरी की इस वारदात का असर खदान की व्यवस्थाओं पर भी पड़ा। केबल काटे जाने के कारण बिजली आपूर्ति और पंखा व्यवस्था घंटों तक ठप रही। भूमिगत खदान में पंखों की व्यवस्था बेहद महत्वपूर्ण होती है, ऐसे में इस तरह की घटना खदान की सुरक्षा और संचालन को लेकर गंभीर चिंता पैदा करती है।
एक साल में दर्जनों घटनाएं, फिर भी नहीं थम रही चोरी
सबसे चिंताजनक पहलू यह है कि, पांच से छह दिनों के भीतर यह दूसरी बड़ी वारदात बताई जा रही है। वहीं, पिछले एक साल के दौरान क्षेत्र में दर्जनों बार केबल चोरी की घटनाएं सामने आ चुकी हैं। लगातार हो रही इन वारदातों से साफ है कि चोर गिरोह के हौसले बुलंद हैं और सुरक्षा व्यवस्था को चुनौती दे रहे हैं।
50 से अधिक जवानों की तैनाती, फिर भी सुरक्षा पर सवाल
खदान की सुरक्षा के लिए 50 से अधिक त्रिपुरा राइफल के जवान तैनात होने के बावजूद इतनी बड़ी संख्या में हथियारबंद बदमाशों का खदान परिसर में घुसना कई गंभीर सवाल खड़े करता है। लगातार हो रही चोरी और कर्मचारियों को मिल रही धमकियों से उनमें भय और आक्रोश का माहौल है। कर्मचारियों ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने, दोषियों की पहचान कर कड़ी कार्रवाई करने और खदान की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने की मांग की है।