सोने और चांदी की कीमतों में लगातार गिरावट देखने को मिल रही है। 17 अक्टूबर को रिकॉर्ड ऊंचाई छूने के बाद से सोना सिर्फ 21 दिनों में ₹10,643 सस्ता हो गया है। तब 10 ग्राम 24 कैरेट सोने की कीमत ₹1,30,874 थी, जो अब घटकर ₹1,20,231 रह गई है। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के मुताबिक, 7 नवंबर को सोने के दाम में ₹439 की और गिरावट दर्ज की गई, जबकि एक दिन पहले ये ₹1,20,670 पर था। इसी तरह चांदी ने भी तेजी से गिरावट दर्ज की है। 14 अक्टूबर को जहां इसकी कीमत ₹1,78,100 प्रति किलो थी, वहीं अब यह 24 दिनों में ₹30,090 टूटकर ₹1,48,010 पर आ गई है।
ये कीमतें IBJA द्वारा तय किए गए बेसिक रेट्स हैं, जिनमें 3% GST, मेकिंग चार्ज या ज्वेलर्स का मार्जिन शामिल नहीं होता। इन्हीं दरों का उपयोग आरबीआई सोवरेन गोल्ड बॉन्ड के मूल्य और कई बैंकों द्वारा गोल्ड लोन की ब्याज दर तय करने में किया जाता है। हालांकि, अलग-अलग शहरों में सोने के दाम इनसे थोड़े अलग होते हैं, क्योंकि ट्रांसपोर्ट कॉस्ट, स्थानीय मांग, ज्वेलर्स एसोसिएशन के रेट और स्टॉक खरीद की कीमतें अलग-अलग होती हैं।
वर्तमान में 24 कैरेट सोने का रेट ₹1,20,231 प्रति 10 ग्राम है, जबकि 22 कैरेट के लिए यह ₹1,10,132, 18 कैरेट के लिए ₹90,173 और 14 कैरेट के लिए ₹70,335 है। देश के बड़े शहरों जैसे दिल्ली, मुंबई, कोलकाता, जयपुर, भोपाल और रायपुर में सोने की कीमतें ₹1,22,000 से ₹1,23,000 प्रति 10 ग्राम के बीच चल रही हैं। चेन्नई में सबसे ज्यादा ₹1,22,950 का भाव दर्ज किया गया।
कीमतों में गिरावट के पीछे कई वजहें सामने आई हैं। दिवाली के बाद से सोना-चांदी की खरीदारी कम हो गई है, जिससे बाजार की मांग धीमी हुई। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर युद्ध और आर्थिक तनाव में कमी आई है, जबकि निवेशकों ने मुनाफा कमाने के लिए ऊंचे दामों पर खरीदा गया सोना बेचना शुरू कर दिया। तकनीकी संकेतक जैसे RSI यह दिखा रहे थे कि सोना ओवरबॉट जोन में है, इसलिए ट्रेडर्स ने बिकवाली की तरफ रुख कर लिया।
दिलचस्प बात यह है कि कीमतों की इस ताजा गिरावट के बावजूद पूरा साल सोने और चांदी के लिए फायदे का रहा है। 31 दिसंबर 2024 को जहां 10 ग्राम सोना ₹76,162 का था, वहीं अब यह ₹1,20,231 तक पहुंच चुका है। यानी इस साल अब तक सोने में ₹44,069 की बढ़त हुई है। इसी दौरान चांदी भी ₹86,017 प्रति किलो से बढ़कर ₹1,48,010 हो गई, यानी ₹61,993 तक महंगी हुई।
सोना खरीदते समय विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि हमेशा BIS हॉलमार्क वाला सर्टिफाइड गोल्ड ही खरीदें और उस दिन के रेट्स को IBJA या अन्य विश्वसनीय स्रोतों से ज़रूर क्रॉस चेक करें। 24, 22 और 18 कैरेट सोने की कीमतों में बड़ा अंतर होता है, इसलिए खरीदारी सोचकर करें।
कुल मिलाकर, सोने-चांदी के दाम अभी नरम हैं, लेकिन दीर्घकालिक निवेशकों के लिए यह बेहतर अवसर साबित हो सकता है।