हफ्ते के पहले कारोबारी दिन सोमवार, 8 दिसंबर को शेयर बाजार की शुरुआत सुस्त माहौल में हुई। शुरुआती कारोबार में Sensex करीब 100 अंकों की गिरावट के साथ 85,600 के स्तर पर फिसल गया, जबकि Nifty भी 50 अंक टूटकर 26,130 के आसपास कारोबार करता नजर आया। सेंसेक्स के 30 में से 11 शेयरों में हल्की तेजी देखने को मिली, जबकि 19 शेयर गिरावट में बने रहे, जिससे बाजार के रुख में कमजोरी साफ झलकी।
ग्लोबल मार्केट से मिले-जुले संकेतों का असर भी घरेलू बाजार पर दिखाई दिया। एशियाई बाजारों में जापान का निक्केई इंडेक्स मामूली गिरावट के साथ कारोबार कर रहा था, जबकि कोरिया का कोस्पी हल्की तेजी में था। वहीं हॉन्गकॉन्ग का हैंगसेंग इंडेक्स करीब एक फीसदी की गिरावट में रहा और चीन का शंघाई कंपोजिट बढ़त के साथ ट्रेड करता दिखा। अमेरिकी बाजारों की बात करें तो हालिया सत्र में Dow Jones हल्की बढ़त के साथ बंद हुआ था, वहीं Nasdaq Composite और S&P 500 में भी सीमित तेजी देखने को मिली थी।
विदेशी निवेशकों की बिकवाली का दबाव भी बाजार की कमजोरी का एक बड़ा कारण बनता नजर आ रहा है। 5 दिसंबर को विदेशी संस्थागत निवेशकों ने कैश सेगमेंट में करीब 239 करोड़ रुपये के शेयर बेचे, जबकि घरेलू संस्थागत निवेशकों ने लगभग 3,850 करोड़ रुपये की खरीदारी कर बाजार को सहारा दिया। दिसंबर के पहले पांच कारोबारी दिनों में ही विदेशी निवेशक 10,203 करोड़ रुपये के शेयर बेच चुके हैं, जबकि घरेलू निवेशकों ने इसी अवधि में करीब 19,449 करोड़ रुपये का निवेश किया है। नवंबर महीने के आंकड़े भी यही दिखाते हैं कि जहां विदेशियों ने भारी बिकवाली की, वहीं घरेलू निवेशकों ने बड़े पैमाने पर खरीदारी कर बाजार को संभाले रखा।
लंबी अवधि को लेकर हालांकि कुछ ब्रोकरेज हाउस अब भी आशावादी बने हुए हैं। Bank of America ने कैलेंडर ईयर 2026 के लिए निफ्टी का टारगेट 29,000 तय किया है, जो मौजूदा स्तरों से करीब 11 फीसदी की बढ़त को दर्शाता है। ब्रोकरेज का मानना है कि वैल्यूएशन में फिलहाल ज्यादा गुंजाइश नहीं है, लेकिन इनकम ग्रोथ के दम पर आगे बाजार को सपोर्ट मिल सकता है।
अगर पिछले कारोबारी दिन की बात करें तो शुक्रवार, 5 दिसंबर को बाजार में जबरदस्त तेजी देखने को मिली थी। उस दिन सेंसेक्स 447 अंक चढ़कर 85,712 पर बंद हुआ था और निफ्टी भी 152 अंकों की बढ़त के साथ 26,186 के स्तर पर बंद हुआ था। उस सत्र में State Bank of India और Bajaj Finserv जैसे बड़े शेयरों में अच्छी तेजी देखने को मिली थी। सेंसेक्स के 30 में से 24 शेयरों में तेजी रही थी और निफ्टी के 50 में से 38 शेयर हरे निशान में बंद हुए थे। बैंकिंग, आईटी और रियल्टी शेयरों में जोरदार खरीदारी दिखी थी, जबकि मीडिया और फार्मा शेयरों में दबाव बना रहा था।
कुल मिलाकर, सोमवार को बाजार की शुरुआत भले ही कमजोर रही हो, लेकिन घरेलू निवेशकों का मजबूत सपोर्ट और लंबी अवधि के सकारात्मक अनुमान यह संकेत दे रहे हैं कि आने वाले समय में उतार-चढ़ाव के बीच बाजार में स्थिरता की भी पूरी संभावना बनी हुई है।