चांदी की कीमतों ने एक बार फिर नया रिकॉर्ड बना दिया है। 18 दिसंबर को लगातार दूसरे दिन चांदी ऑलटाइम हाई पर पहुंच गई। इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन के मुताबिक एक किलो चांदी 1,609 रुपये की तेजी के साथ 2,01,250 रुपये पर कारोबार कर रही है। इससे पहले 17 दिसंबर को इसका भाव 1,99,641 रुपये प्रति किलो पर बंद हुआ था। खास बात यह है कि एक दिन पहले ही चांदी पहली बार 2 लाख रुपये प्रति किलो के स्तर को पार कर गई थी, जब यह सुबह के कारोबार में 2,00,750 रुपये पर खुली थी।
पूरे साल की बात करें तो चांदी निवेशकों को चौंकाने वाला रिटर्न दे चुकी है। 2024 की शुरुआत से अब तक इसकी कीमत में करीब 1,15,233 रुपये प्रति किलो की बढ़ोतरी हो चुकी है। साल के अंत में जहां चांदी 86,017 रुपये प्रति किलो थी, वहीं अब यह 2 लाख के आंकड़े से ऊपर टिक चुकी है।
चांदी में आई इस जबरदस्त तेजी के पीछे कई बड़े कारण माने जा रहे हैं। सबसे अहम वजह इंडस्ट्रियल डिमांड है। सोलर पैनल, इलेक्ट्रॉनिक्स और इलेक्ट्रिक व्हीकल्स में बड़े पैमाने पर इस्तेमाल के चलते चांदी अब सिर्फ ज्वेलरी तक सीमित नहीं रही, बल्कि एक जरूरी इंडस्ट्रियल मेटल बन चुकी है। इसके अलावा अमेरिका में संभावित टैरिफ नीतियों को लेकर आशंकाओं के चलते वहां की कंपनियां भारी मात्रा में चांदी का स्टॉक जमा कर रही हैं, जिससे ग्लोबल सप्लाई पर दबाव बढ़ा है। मैन्युफैक्चरर्स भी भविष्य में सप्लाई बाधित होने के डर से पहले ही खरीदारी में जुटे हैं। वहीं निवेशकों का रुझान भी तेजी से सिल्वर ETF की ओर बढ़ा है, जिससे डिमांड और ज्यादा मजबूत हुई है।
सोने की कीमतों में भी आज हल्की तेजी देखने को मिली। 24 कैरेट शुद्धता वाला सोना 137 रुपये चढ़कर 1,32,454 रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया। एक दिन पहले यह 1,32,317 रुपये पर बंद हुआ था। हालांकि सोने ने 15 दिसंबर को ही 1,33,442 रुपये प्रति 10 ग्राम का ऑलटाइम हाई बना लिया था। इस साल अब तक सोना भी निवेशकों को शानदार रिटर्न दे चुका है। साल की शुरुआत में 10 ग्राम सोने का भाव 76,162 रुपये था, जो अब बढ़कर 1,32,454 रुपये हो गया है। यानी करीब 56,292 रुपये की तेजी दर्ज की गई है।
आगे के अनुमान और भी ज्यादा चर्चा में हैं। केडिया एडवाइजरी के डायरेक्टर अजय केडिया के मुताबिक चांदी की मांग फिलहाल कमजोर पड़ने के कोई संकेत नहीं दिखा रही है। उनका मानना है कि मौजूदा हालात बने रहे तो अगले एक साल में चांदी 2.50 लाख रुपये प्रति किलो तक जा सकती है। वहीं इसी महीने के अंत तक इसका भाव 2.10 लाख रुपये प्रति किलो तक पहुंचने की पूरी संभावना है।
हाई रेट पर सिल्वर ज्वेलरी खरीदने को लेकर भी एक्सपर्ट्स ज्यादा चिंता की बात नहीं मानते। उनका कहना है कि अगर किसी को ज्वेलरी खरीदनी ही है, तो मौजूदा कीमतों पर भी खरीदारी की जा सकती है, क्योंकि आगे चलकर चांदी और महंगी हो सकती है। निवेश के नजरिए से आम निवेशकों के लिए सिल्वर ETF एक आसान विकल्प माना जा रहा है। विशेषज्ञों की सलाह है कि एकमुश्त निवेश के बजाय SIP के जरिए धीरे-धीरे निवेश करना ज्यादा सुरक्षित रणनीति हो सकती है। इसके अलावा चांदी के सिक्कों में निवेश भी एक विकल्प बना हुआ है।
कुल मिलाकर, चांदी की मौजूदा रफ्तार ने बाजार में हलचल मचा दी है और संकेत साफ हैं कि आने वाले समय में यह कीमती धातु निवेशकों के लिए और बड़े आंकड़े छू सकती है।