देश के युवाओं की सोच और नेतृत्व क्षमता को राष्ट्रीय मंच देने के उद्देश्य से 12 जनवरी को ‘विकसित भारत युवा नेतृत्व संवाद’ का आयोजन किया जा रहा है। इस विशेष अवसर पर नरेंद्र मोदी भारत और विदेशों से आए 3,000 से अधिक युवाओं से सीधे बातचीत करेंगे। कार्यक्रम के दौरान युवा प्रतिभागी देश के भविष्य, सामाजिक बदलाव और राष्ट्रीय प्राथमिकताओं से जुड़े मुद्दों पर अपने विचार और व्यावहारिक सुझाव प्रधानमंत्री के सामने रखेंगे।
प्रधानमंत्री कार्यालय की ओर से जारी बयान के मुताबिक, यह संवाद ‘विकसित भारत यंग लीडर्स डायलॉग 2026’ के तहत आयोजित किया जा रहा है। इसमें चयनित प्रतिभागी 10 विषयगत ट्रैकों में अपनी अंतिम प्रस्तुतियां देंगे। इन प्रस्तुतियों में राष्ट्रीय महत्व के प्रमुख क्षेत्रों पर युवाओं के नेतृत्व वाले दृष्टिकोण, नवाचार और जमीनी समाधान शामिल होंगे, जिनका मकसद भारत को विकसित राष्ट्र बनाने की दिशा में ठोस सुझाव देना है।
यह कार्यक्रम स्वामी विवेकानंद की जयंती के अवसर पर मनाए जाने वाले राष्ट्रीय युवा दिवस से जुड़ा हुआ है। इसी कड़ी में प्रधानमंत्री नई दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित इस संवाद के समापन सत्र में भाग लेंगे। माना जा रहा है कि यह मंच युवाओं को न केवल अपनी बात रखने का अवसर देगा, बल्कि नीति निर्माण की प्रक्रिया में उनकी भूमिका को भी और मजबूत करेगा।
प्रधानमंत्री मोदी लंबे समय से युवाओं को भारत की विकास यात्रा का केंद्र बताते आए हैं। ऐसे में यह संवाद सिर्फ एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि आने वाले वर्षों के लिए नेतृत्व, नीति और नवाचार की दिशा तय करने वाला मंच माना जा रहा है, जहां युवा सोच सीधे देश के शीर्ष नेतृत्व तक पहुंचेगी।