छत्तीसगढ़–झारखंड सीमा पर स्थित ओरसा घाट में हुए दर्दनाक बस हादसे ने पूरे प्रदेश को झकझोर दिया है। इस दुर्घटना में मृतकों की संख्या बढ़कर 10 हो गई है, जिनमें 5 महिलाएं और 5 पुरुष शामिल हैं। हादसे में कुल 70 लोग घायल बताए जा रहे हैं, जबकि कई की हालत अभी भी गंभीर बनी हुई है। गंभीर घायलों में से 24 लोगों को बेहतर इलाज के लिए अंबिकापुर मेडिकल कॉलेज में शिफ्ट किया गया है। प्रशासन के अनुसार सभी मृतक बलरामपुर जिले के निवासी थे।
इस हृदयविदारक हादसे पर विष्णु देव साय ने गहरा शोक व्यक्त किया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस दुखद घड़ी में राज्य सरकार पीड़ित परिवारों के साथ मजबूती से खड़ी है। उन्होंने दिवंगत आत्माओं की शांति के लिए प्रार्थना की और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की।
मुख्यमंत्री ने तत्काल राहत की घोषणा करते हुए बताया कि दुर्घटना में जान गंवाने वाले 10 लोगों के परिजनों को ₹5-5 लाख की आर्थिक सहायता दी जाएगी, जबकि घायलों को ₹50 हजार की सहायता राशि प्रदान की जाएगी। यह राशि प्रशासन द्वारा दी जा रही तात्कालिक मदद और बीमा से मिलने वाली रकम के अतिरिक्त होगी। साथ ही, उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि इलाज में किसी भी तरह की कमी न रहे और सभी घायलों को सर्वोत्तम चिकित्सकीय सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं।
सीएम साय ने सड़क सुरक्षा को लेकर भी सख्त रुख अपनाते हुए कहा कि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो, इसके लिए प्रभावी और ठोस कदम उठाए जाएं। यह हादसा एक बार फिर पहाड़ी और घाटी क्षेत्रों में यात्री सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े करता है, जिन पर तत्काल ध्यान दिए जाने की जरूरत है।