पैन-आधार लिंकिंग अब महज़ औपचारिकता नहीं, बल्कि हर करदाता के लिए एक अनिवार्य प्रक्रिया बन चुकी है। आयकर कानून के तहत यदि तय समयसीमा में पैन को आधार से लिंक नहीं किया गया, तो पैन इनऑपरेटिव घोषित हो सकता है। इसका असर सीधे आपकी रोज़मर्रा की वित्तीय ज़िंदगी पर पड़ता है, क्योंकि इसके बाद न तो इनकम टैक्स रिटर्न फाइल हो पाएगा, न रिफंड मिलेगा और न ही कई बड़े बैंकिंग व वित्तीय लेनदेन संभव रहेंगे।
हालांकि ज़्यादातर लोग पैन-आधार लिंकिंग का काम ऑनलाइन ई-फाइलिंग पोर्टल के ज़रिए करते हैं, लेकिन देश में आज भी बड़ी संख्या में ऐसे लोग हैं जिन्हें ऑनलाइन प्रक्रिया में तकनीकी दिक्कतें आती हैं या बार-बार ऑथेंटिकेशन एरर का सामना करना पड़ता है। ऐसे लोगों के लिए ऑफलाइन तरीका एक राहत भरा विकल्प है। पैन और आधार को ऑफलाइन लिंक कराने के लिए आप अधिकृत पैन सेवा केंद्रों का रुख कर सकते हैं, जिनमें एनएसडीएल (प्रोटियन) और UTIITSL प्रमुख हैं। कुछ जगहों पर आयकर विभाग के फैसिलिटेशन सेंटर भी यह सुविधा उपलब्ध कराते हैं।
ऑफलाइन प्रक्रिया के लिए सर्विस सेंटर जाने से पहले थोड़ी तैयारी ज़रूरी है। आपको अपने पैन कार्ड और आधार कार्ड की मूल प्रति के साथ-साथ फोटोकॉपी भी साथ रखनी चाहिए। यदि लेट लिंकिंग चार्ज लागू है, तो उसकी फीस भी देनी होती है। यह भी बेहद ज़रूरी है कि पैन और आधार में आपका नाम, जन्मतिथि और जेंडर बिल्कुल एक जैसे दर्ज हों। ज़रा-सी भी गड़बड़ी होने पर लिंकिंग की प्रक्रिया अटक सकती है और पहले सुधार कराना अनिवार्य हो जाता है।
सेंटर पर पहुंचने के बाद आपको एक निर्धारित फॉर्म भरना होता है। ऑपरेटर आपके दस्तावेज़ों की जांच करता है और सिस्टम में डिटेल्स वेरिफाई करता है। कई मामलों में बायोमेट्रिक ऑथेंटिकेशन भी किया जा सकता है, ताकि पहचान पूरी तरह सुनिश्चित हो सके। यदि शुल्क देना होता है, तो वह चालान या तय प्रक्रिया के ज़रिए जमा कराया जाता है। आवेदन जमा होने के बाद आपको एक एक्नॉलेजमेंट दिया जाता है, जिससे आप आगे चलकर लिंकिंग की स्थिति ट्रैक कर सकते हैं।
यह समझना भी ज़रूरी है कि पैन-आधार लिंक न होने पर पैन कार्ड रद्द नहीं होता, लेकिन वह व्यावहारिक रूप से बेकार हो जाता है। ऐसे पैन पर टीडीएस की दरें बढ़ सकती हैं और बैंक या अन्य संस्थान बड़े लेनदेन पर रोक लगा सकते हैं। इसलिए बेहतर यही है कि सर्विस सेंटर जाने से पहले ऑनलाइन स्टेटस एक बार जरूर जांच लें और यह सुनिश्चित कर लें कि आपकी सभी डिटेल्स सही और अपडेटेड हैं, ताकि ऑफलाइन प्रक्रिया बिना किसी रुकावट के पूरी हो सके।