कभी मेडिकल इमरजेंसी आ जाए, कभी बच्चों की फीस या पुराने कर्ज का दबाव—पैसों की जरूरत वक्त नहीं देखती। लेकिन जब सैलरी स्लिप, फॉर्म-16 या ITR जैसे इनकम प्रूफ हाथ में न हों, तब पर्सनल लोन की राह मुश्किल हो जाती है। क्या बिना इनकम प्रूफ के पर्सनल लोन मिल सकता है? जवाब है—संभव तो है, पर आसान बिल्कुल नहीं।
भारत में ज्यादातर बैंक बिना इनकम प्रूफ के अनसिक्योर्ड पर्सनल लोन देने से कतराते हैं। वजह साफ है—पर्सनल लोन भरोसे पर मिलता है और बैंक यह पक्का करना चाहते हैं कि उधार लेने वाले की नियमित आय हो, ताकि EMI समय पर आती रहे। आय का ठोस रिकॉर्ड न दिखे तो बैंक के लिए जोखिम बढ़ जाता है, इसलिए अक्सर आवेदन यहीं अटक जाता है।
फिर भी सभी दरवाजे बंद नहीं होते। अगर आपका क्रेडिट इतिहास मजबूत है—यानी CIBIL स्कोर 750 या उससे ऊपर है और पुराने लोन/क्रेडिट-कार्ड की EMI समय पर चुकाई गई हैं—तो कुछ बैंक आपके केस पर विचार कर सकते हैं। मजबूत क्रेडिट बिहेवियर कई बार इनकम डॉक्यूमेंट की कमी को आंशिक रूप से कवर कर देता है।
सेल्फ-एम्प्लॉयड लोगों के लिए रास्ते थोड़े अलग होते हैं। सैलरी स्लिप न सही, लेकिन GST रिटर्न, नियमित बैंक ट्रांजैक्शन, बिज़नेस रजिस्ट्रेशन या कैश-फ्लो का पैटर्न काम आ सकता है। कई बार आपका वही बैंक, जहां आपका पुराना सेविंग अकाउंट है और लगातार लेन-देन दिखता है, अंदरूनी आकलन के आधार पर छोटा प्री-अप्रूव्ड लोन ऑफर कर देता है।
अगर अनसिक्योर्ड लोन मुश्किल लगे, तो सिक्योर्ड विकल्प अपेक्षाकृत आसान होते हैं। गोल्ड लोन, फिक्स्ड डिपॉजिट पर लोन या प्रॉपर्टी के बदले लोन—इनमें बैंक के पास गिरवी होती है, इसलिए इनकम प्रूफ की सख्ती कम रहती है। मगर यहां भी सावधानी जरूरी है। बिना इनकम प्रूफ वाले ऑफर्स अक्सर महंगे पड़ते हैं—ब्याज ज्यादा, लोन अमाउंट कम और अवधि छोटी हो सकती है।
खासतौर पर “इंस्टेंट लोन—नो डॉक्यूमेंट” जैसे विज्ञापनों से सतर्क रहें। कई अनरेगुलेटेड ऐप्स ऊंचा ब्याज, छिपे चार्ज और सख्त रिकवरी अपनाते हैं। हमेशा जांचें कि लेंडर Reserve Bank of India के नियमों के तहत रेगुलेटेड है या नहीं। शॉर्टकट के चक्कर में महंगे और जोखिम भरे कर्ज में फंसना आसान होता है।
अगर जरूरत तुरंत नहीं है, तो थोड़ी तैयारी आपको बेहतर शर्तों वाला लोन दिला सकती है—नियमित बैंक डिपॉजिट दिखाइए, बेसिक ITR फाइल कीजिए, क्रेडिट-कार्ड की लिमिट कम रखकर समय पर भुगतान की आदत बनाइए। कुछ महीनों में प्रोफाइल मजबूत होगी और आप महंगे कर्ज से बच पाएंगे।