जेईई मेन सेशन-1, 2026 के परिणाम घोषित होते ही देशभर में मेधावी छात्रों की चर्चा तेज हो गई है। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी यानी National Testing Agency द्वारा जारी नतीजों में इस बार 12 छात्रों ने 100 पर्सेंटाइल हासिल कर शीर्ष स्थान पर कब्जा जमाया है। हालांकि मध्यप्रदेश से कोई भी छात्र 100 पर्सेंटाइल क्लब में जगह नहीं बना सका, लेकिन राज्य स्तर पर कई विद्यार्थियों ने शानदार प्रदर्शन कर अपनी प्रतिभा का दम दिखाया है।
मध्यप्रदेश में इंदौर के ऋद्धेश बेंदाले ने 99.992186 पर्सेंटाइल के साथ राज्य टॉपर बनकर सबसे ज्यादा सुर्खियां बटोरी हैं। लड़कियों की श्रेणी में इंदौर की ही अनुष्का अग्रवाल 99.96 पर्सेंटाइल के साथ अव्वल रहीं। ऋद्धेश का यह प्रदर्शन अचानक नहीं है, बल्कि उनकी निरंतर मेहनत और पूर्व उपलब्धियों का परिणाम है। वे 55वीं अंतरराष्ट्रीय भौतिकी ओलंपियाड 2025 में स्वर्ण पदक जीत चुके हैं, जो पेरिस में आयोजित हुआ था। उनकी इस उपलब्धि पर प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भी सार्वजनिक रूप से बधाई दी थी। अब जेईई मेन में उनका उत्कृष्ट प्रदर्शन यह संकेत देता है कि वे राष्ट्रीय स्तर पर भी बड़ी उपलब्धि हासिल करने की क्षमता रखते हैं।
इंदौर इस बार परिणामों में खासा चमका है। पार्थ माहेश्वरी ने 99.994666 पर्सेंटाइल प्राप्त कर शीर्ष प्रदर्शनकर्ताओं में जगह बनाई। अक्षय गोयल, दक्ष जैन, जय लोंगवानी और अन्वेष गामी ने भी 99.95 से ऊपर पर्सेंटाइल हासिल कर शहर का नाम रोशन किया। इनके अलावा भोमिक पवार, अथर्व देशमुख, यज्ञम पाटीदार, तोशिर जैन, सुजल पटेल, शुभांग देशमुख, अर्नव सिसोदिया और अलेख जैन जैसे छात्रों ने भी 99.90 के आसपास या उससे अधिक अंक प्राप्त कर मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई। यह दर्शाता है कि प्रदेश में प्रतिस्पर्धा का स्तर लगातार ऊंचा हो रहा है।
राजधानी भोपाल के विद्यार्थियों ने भी प्रभावशाली प्रदर्शन किया। श्रेयांश जेना ने 99.9 पर्सेंटाइल हासिल किया, जबकि तनिष्क शुक्ला, अर्श जैन और तनिष्क सिंघल ने भी 99.90 से ऊपर अंक लाकर शहर का गौरव बढ़ाया। भले ही राज्य से 100 पर्सेंटाइल हासिल करने वाला छात्र इस बार न हो, लेकिन उच्च पर्सेंटाइल पाने वाले विद्यार्थियों की लंबी सूची यह संकेत देती है कि मध्यप्रदेश के छात्र राष्ट्रीय प्रतिस्पर्धा में मजबूती से खड़े हैं।
देश स्तर पर जिन 12 छात्रों ने 100 पर्सेंटाइल हासिल किया है, उनमें दिल्ली (एनसीटी) के श्रेयस मिश्रा, आंध्र प्रदेश के नरेंद्र बाबू गारी मथित और पसाला मोहित, बिहार के शुभम कुमार, राजस्थान के कबीर छिल्लर, चिरंजीब कर और अर्नव गौतम, ओडिशा के भावेश पात्रा, हरियाणा के अनय जैन, महाराष्ट्र के माधव विरदिया, गुजरात के पुरोहित निमय और तेलंगाना के विवान शरद महेश्वरी शामिल हैं। इन छात्रों ने देशभर के लाखों अभ्यर्थियों के बीच शीर्ष स्थान हासिल कर अपनी मेहनत को साबित किया है।
अब सभी की निगाहें जेईई मेन सत्र-2 पर टिकी हैं। यह सत्र उन छात्रों के लिए विशेष अवसर लेकर आएगा, जो अपने अंकों और रैंक में सुधार करना चाहते हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि मध्यप्रदेश सहित कई राज्यों के छात्र दूसरे सत्र में और बेहतर प्रदर्शन कर सकते हैं, क्योंकि उन्हें पहले प्रयास से सीखने और रणनीति सुधारने का मौका मिल चुका है।
स्कोरकार्ड डाउनलोड करने के लिए अभ्यर्थियों को एनटीए की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर आवेदन नंबर और पासवर्ड के जरिए लॉगिन करना होगा। कैप्चा भरने के बाद छात्र अपना स्कोरकार्ड देख और डाउनलोड कर सकते हैं।
कुल मिलाकर, जेईई मेन 2026 का यह पहला सत्र प्रतिभा, प्रतिस्पर्धा और तैयारी के नए मानक स्थापित करता नजर आ रहा है। अब अगली परीक्षा केवल अंक सुधारने की नहीं, बल्कि देश के प्रतिष्ठित इंजीनियरिंग संस्थानों में सीट सुनिश्चित करने की दिशा में निर्णायक कदम साबित होगी।