बच्चे के जन्म के साथ ही घर में एक परंपरा शुरू हो जाती है—रोज़ाना तेल मालिश। दादी-नानी का दावा होता है कि इससे हड्डियां मजबूत बनती हैं, बच्चा जल्दी चलने लगता है और शरीर गठीला होता है। लेकिन क्या वाकई मालिश से हड्डियां मजबूत होती हैं या यह सिर्फ एक मान्यता है? आज के समय में माता-पिता हर सलाह को वैज्ञानिक नजरिए से देखना चाहते हैं। ऐसे में बाल रोग विशेषज्ञ क्या कहते हैं? क्या रोज़ मालिश करना ज़रूरी है, और अगर हां, तो कैसे करें ताकि बच्चे को पूरा फायदा मिले?
क्या मालिश से हड्डियां मजबूत होती हैं?
विशेषज्ञों के अनुसार, सिर्फ मालिश करने से हड्डियां सीधे तौर पर मजबूत नहीं होतीं। हड्डियों की मजबूती के लिए शरीर को कैल्शियम, विटामिन D, संतुलित पोषण और धूप की आवश्यकता होती है। हड्डियां अंदरूनी पोषण और हार्मोनल संतुलन से विकसित होती हैं, न कि केवल बाहरी दबाव से।
हालांकि, मालिश से रक्त संचार बेहतर होता है, मांसपेशियां रिलैक्स होती हैं और बच्चे को सुकून मिलता है। इससे बच्चे की नींद अच्छी होती है, जो ग्रोथ हार्मोन के स्राव में मदद करती है। यही हार्मोन हड्डियों और मांसपेशियों के विकास में अहम भूमिका निभाता है।
मालिश के असली फायदे क्या हैं?
डॉक्टरों का कहना है कि सही तरीके से की गई हल्की मालिश के ये फायदे हो सकते हैं:
- ब्लड सर्कुलेशन में सुधार
- मांसपेशियों को मजबूती और लचीलापन
- बेहतर नींद और कम चिड़चिड़ापन
- माता-पिता और बच्चे के बीच भावनात्मक जुड़ाव मजबूत होना
कब और कैसे करें मालिश?
- मालिश हमेशा हल्के हाथों से करें, ज़ोर न लगाएं।
- बच्चे के मूड और सेहत का ध्यान रखें।
- बहुत ज्यादा ठंड या गर्मी में मालिश से बचें।
- मालिश के बाद हल्की धूप में कुछ मिनट बैठाना फायदेमंद हो सकता है।