आज मंगलवार दोपहर आसमान में एक अहम खगोलीय घटना घटने जा रही है। भारतीय समयानुसार दोपहर 3 बजकर 20 मिनट पर पूर्ण चंद्रग्रहण शुरू होगा और शाम 6 बजकर 48 मिनट पर समाप्त होगा। हालांकि यह पूर्ण चंद्रग्रहण भारत के अधिकांश हिस्सों में अलग-अलग चरणों में दिखाई देगा, लेकिन छत्तीसगढ़ में इसकी झलक केवल राजधानी रायपुर में ही देखने को मिलेगी—वह भी आंशिक रूप में।
भारतीय मौसम विभाग (IMD) के अनुसार ग्रहण का पूर्ण चरण, जब चंद्रमा पूरी तरह पृथ्वी की गहरी छाया में होगा, शाम 4 बजकर 34 मिनट से 5 बजकर 33 मिनट तक रहेगा। लेकिन रायपुर में चंद्रमा का उदय शाम 6 बजकर 07 मिनट पर होगा। यानी जब यहां चांद दिखेगा, तब तक पूर्ण चरण लगभग समाप्त हो चुका होगा और ग्रहण अपने अंतिम दौर में रहेगा। यही कारण है कि रायपुर में “ब्लड मून” जैसा दृश्य नहीं दिखेगा।
इस ग्रहण की परिमाण (मैग्निट्यूड) 1.155 मापी गई है। वैज्ञानिक भाषा में इसका मतलब है कि चंद्रमा का पूरा भाग पृथ्वी की उम्ब्रा यानी गहरी छाया में जाएगा, बल्कि लगभग 15.5% अतिरिक्त हिस्सा भी अंदर तक प्रवेश करेगा। 1.0 से अधिक मैग्निट्यूड वाले ग्रहण को पूर्ण चंद्रग्रहण की श्रेणी में रखा जाता है। ऐसे अवसर पर चंद्रमा अक्सर तांबे या लाल रंग का दिखता है, जिसे आम बोलचाल में “ब्लड मून” कहा जाता है।
खगोल विज्ञान के अनुसार चंद्रग्रहण तभी लगता है जब सूर्य, पृथ्वी और चंद्रमा एक सीध में आ जाते हैं और पृथ्वी, सूर्य और चंद्रमा के बीच आकर अपनी छाया चंद्रमा पर डालती है। जब पूरा चंद्रमा पृथ्वी की गहरी छाया में समा जाता है, तब पूर्ण चंद्रग्रहण होता है। यदि केवल कुछ हिस्सा छाया में जाता है तो उसे आंशिक चंद्रग्रहण कहा जाता है।
देश के पूर्वोत्तर राज्यों और अंडमान-निकोबार के कुछ हिस्सों में इस ग्रहण का पूर्ण चरण भी देखा जा सकेगा। वहीं अत्यंत पश्चिमी भारत के कुछ इलाकों में यह दृश्य सीमित या आंशिक रूप से दिखाई देगा। भारत के बाहर यह खगोलीय घटना पूर्वी एशिया, ऑस्ट्रेलिया, प्रशांत महासागर क्षेत्र और अमेरिका के कई हिस्सों में भी नजर आएगी।
रायपुर में खगोलीय गणनाओं के अनुसार ग्रहण लगभग 41 मिनट तक दृश्य रहेगा। चांद के उदित होते समय उसका एक हिस्सा छाया में रहेगा, जो धीरे-धीरे सामान्य चमक में लौट आएगा। शाम 6 बजकर 48 मिनट पर ग्रहण पूरी तरह समाप्त हो जाएगा और चंद्रमा सामान्य रूप से चमकता दिखाई देगा।
भारत में इससे पहले 7-8 सितंबर 2025 को पूर्ण चंद्रग्रहण देखा गया था। अब अगला चंद्रग्रहण जो भारत में दिखाई देगा, वह 6 जुलाई 2028 को होगा, लेकिन वह आंशिक रहेगा।
आज का यह खगोलीय दृश्य वैज्ञानिक दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण है। हालांकि रायपुर में पूर्ण “ब्लड मून” का नजारा नहीं मिलेगा, फिर भी चंद्रमा का आंशिक रूप से ढका हुआ दृश्य आसमान में एक अलग ही आकर्षण पैदा करेगा।