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नोरा-संजय के गाने पर बवाल: ह्यूमन राइट्स कमिशन सख्त, सेंसर बोर्ड को नोटिस

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फिल्म KD: The Devil के गाने को लेकर उठे विवाद ने अब कानूनी मोड़ ले लिया है। Nora Fatehi और Sanjay Dutt पर फिल्माए गए गाने “सरके चुनर” के कथित अश्लील और डबल मीनिंग बोलों को लेकर देशभर में विरोध बढ़ता जा रहा है। मामला इतना तूल पकड़ चुका है कि National Human Rights Commission ने इस पर संज्ञान लेते हुए सेंसर बोर्ड, इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय, सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय और गूगल इंडिया को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।

कमिशन ने इस पूरे मामले को गंभीर मानते हुए दो हफ्ते के भीतर एक्शन टेकन रिपोर्ट पेश करने के निर्देश दिए हैं। बेंच मेंबर Priyank Kanoongo के अनुसार, पहली नजर में यह मामला मानवाधिकारों के संभावित उल्लंघन से जुड़ा हुआ प्रतीत होता है, खासकर तब जब कंटेंट सार्वजनिक प्लेटफॉर्म्स पर उपलब्ध हो और बच्चों पर उसका प्रभाव पड़ सकता हो।

शिकायत में आरोप लगाया गया है कि गाने के बोल और उसकी प्रस्तुति में अश्लीलता और यौन संकेतों का अत्यधिक इस्तेमाल किया गया है, जो नाबालिगों के मानसिक और सामाजिक माहौल पर नकारात्मक असर डाल सकता है। यही वजह है कि इस पर रोक लगाने और सख्त कार्रवाई की मांग की गई है। विवाद बढ़ने के बाद इस गाने को यूट्यूब से हटा भी लिया गया है।

इस मामले में सिर्फ नेशनल स्तर पर ही नहीं, बल्कि राज्य स्तर पर भी आवाज उठी है। कर्नाटक और हरियाणा के स्टेट वुमन कमीशन ने भी सेंसर बोर्ड को शिकायत भेजकर चिंता जताई है। इसके अलावा फिल्म के मेकर्स के खिलाफ भी शिकायतें दर्ज की गई हैं, जिससे विवाद और गहरा हो गया है।

इसी बीच गाने के लिरिसिस्ट Raqueeb Alam ने खुद को इस विवाद से अलग करते हुए बड़ा बयान दिया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि गाने के मूल बोल उन्होंने नहीं लिखे, बल्कि फिल्म के डायरेक्टर ने कन्नड़ भाषा में लिखे थे। उनका कहना है कि उन्होंने केवल हिंदी में इसका अनुवाद किया था और कॉन्ट्रैक्ट के चलते उन्हें यह काम करना पड़ा।

रकीब आलम ने यह भी खुलासा किया कि उन्होंने शुरुआत में इस गाने का हिस्सा बनने से इनकार कर दिया था, लेकिन बाद में उन्हें केवल ट्रांसलेशन की भूमिका निभाने के लिए कहा गया। उन्होंने कहा कि एक गीतकार के रूप में वे अपने लिखे शब्दों की जिम्मेदारी लेते हैं, लेकिन इस मामले में मूल लेखन उनका नहीं है।

दरअसल, यह विवाद 14 मार्च को गाना रिलीज होने के साथ ही शुरू हो गया था। सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुए इस गाने की आलोचना इसके बोल, डांस स्टेप्स और पिक्चराइजेशन को लेकर की गई। कई लोगों ने इसे अश्लील बताते हुए कड़ी कार्रवाई की मांग की।

अब यह मामला सिर्फ एक गाने के विरोध तक सीमित नहीं रहा, बल्कि सेंसरशिप, अभिव्यक्ति की आजादी और सामाजिक जिम्मेदारी जैसे बड़े मुद्दों को भी सामने ला रहा है। आने वाले दिनों में यह देखना दिलचस्प होगा कि जांच के बाद इस मामले में क्या फैसला लिया जाता है।

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