छत्तीसगढ़ की दंतेवाड़ा पुलिस ने साइबर ठगी के एक बड़े मामले का खुलासा करते हुए झारखंड से एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। यह गिरफ्तारी उस नेटवर्क पर बड़ी चोट मानी जा रही है, जो लोगों को ऑनलाइन टास्क पूरा करने के नाम पर पैसे दोगुने करने का लालच देकर ठगी करता था। आरोपी की पहचान जयनगर, कोडरमा निवासी मुकेश कुमार सिंह (51) के रूप में हुई है, जिसके खिलाफ देश के 16 राज्यों में शिकायतें दर्ज हैं।
मामला बचेली थाना क्षेत्र का है, जहां 15 मार्च 2025 से 18 जून 2025 के बीच शिकायतकर्ता और उसके साथियों को टारगेट बनाकर करीब 7 लाख 91 हजार 547 रुपए की ठगी की गई। ठगों ने “टास्क पूरा करो, पैसा डबल पाओ” जैसे लालच देकर लोगों को अपने जाल में फंसाया और धीरे-धीरे बड़ी रकम ऐंठ ली। पीड़ितों की शिकायत पर पुलिस ने FIR दर्ज कर जांच शुरू की।
जांच के दौरान पुलिस ने फाइनेंशियल ट्रांजेक्शन एनालिसिस और साइबर फॉरेंसिक टूल्स का सहारा लिया, जिससे आरोपी तक पहुंचने में सफलता मिली। इसके बाद 10 मार्च 2026 को पुलिस टीम झारखंड और बिहार रवाना हुई और कोडरमा जिले से आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया। पूछताछ में सामने आया कि आरोपी के खिलाफ छत्तीसगढ़ के अलावा आंध्र प्रदेश, दिल्ली, केरल, महाराष्ट्र, तमिलनाडु, तेलंगाना, कर्नाटक और ओडिशा समेत कई राज्यों में साइबर अपराध के केस दर्ज हैं।
गिरफ्तारी के दौरान पुलिस ने आरोपी के पास से एक मोबाइल फोन, दो ATM कार्ड, तीन पैन कार्ड, एक ड्राइविंग लाइसेंस और 10 हजार रुपए नकद बरामद किए हैं। आरोपी को कोर्ट में पेश कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।
इस कार्रवाई के बाद पुलिस ने आम लोगों को एक बार फिर सतर्क रहने की सलाह दी है। अधिकारियों का कहना है कि ऑनलाइन ठग नए-नए तरीकों से लोगों को निशाना बना रहे हैं, इसलिए किसी भी अनजान लिंक पर क्लिक करने, OTP साझा करने या बैंकिंग जानकारी देने से बचना बेहद जरूरी है। अगर किसी के साथ ठगी होती है, तो तुरंत साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज करानी चाहिए।
कुल मिलाकर, यह गिरफ्तारी दिखाती है कि साइबर अपराध भले ही तेजी से बढ़ रहे हों, लेकिन टेक्नोलॉजी और सतर्कता के जरिए पुलिस भी अब ऐसे गिरोहों तक पहुंचने में सफल हो रही है।