ऑटो डेस्क। अगर आपकी कार का माइलेज पहले की तुलना में कम हो गया है या एक्सीलेरेशन पर गाड़ी पहले जैसा रिस्पॉन्स नहीं दे रही, तो इसकी वजह सिर्फ इंजन या ईंधन की समस्या नहीं हो सकती। ड्राइविंग के दौरान की कुछ आदतें भी क्लच सिस्टम पर अतिरिक्त दबाव डाल सकती हैं।
खासकर मैनुअल ट्रांसमिशन वाली कारों में गलत तरीके से क्लच इस्तेमाल करने पर क्लच प्लेट और उससे जुड़े दूसरे पार्ट्स जल्दी घिस सकते हैं। इससे कार के प्रदर्शन और माइलेज पर असर पड़ सकता है।
1. आधा क्लच दबाकर कार न चलाएं
ट्रैफिक या बहुत कम स्पीड पर कई ड्राइवर लगातार क्लच को आधा दबाकर रखते हैं। इसे Riding the Clutch कहा जाता है।
इस स्थिति में क्लच प्लेट में लगातार घर्षण पैदा होता है और गर्मी बढ़ सकती है। लंबे समय तक ऐसा करने से क्लच जल्दी घिस सकता है।
जरूरत खत्म होते ही क्लच को पूरी तरह छोड़ देना बेहतर है।
2. क्लच पेडल पर पैर टिकाकर न रखें
ड्राइविंग के दौरान बाएं पैर को क्लच पेडल पर रखने की आदत भी नुकसानदायक हो सकती है। पैर का हल्का दबाव भी लंबे समय तक क्लच मैकेनिज्म पर अनावश्यक लोड डाल सकता है।
गियर बदलने के बाद पैर को क्लच से हटाकर डेड पैडल पर रखना बेहतर आदत है।
3. रेड लाइट पर क्लच दबाकर न खड़े रहें
लंबे सिग्नल या ट्रैफिक जाम में कार को गियर में रखकर लगातार क्लच दबाए रखना जरूरी नहीं है।
अगर कुछ समय के लिए रुकना है तो कार को न्यूट्रल में करके क्लच छोड़ दें। इससे क्लच रिलीज सिस्टम पर अनावश्यक दबाव कम किया जा सकता है।
4. चढ़ाई पर क्लच से कार को होल्ड न करें
ढलान या चढ़ाई पर कार को पीछे जाने से रोकने के लिए क्लच और एक्सीलेटर के सहारे गाड़ी को एक ही जगह रोकना क्लच के लिए नुकसानदायक हो सकता है।
इससे क्लच प्लेट में घर्षण और तापमान दोनों बढ़ सकते हैं। जरूरत पड़ने पर हैंडब्रेक या ऑटो-होल्ड जैसी उपलब्ध सुविधा का इस्तेमाल करें और वाहन निर्माता की तकनीक के अनुसार आगे बढ़ें।
5. गलत गियर में ड्राइविंग से बचें
बहुत कम स्पीड पर ऊंचे गियर में गाड़ी चलाने से इंजन पर अनावश्यक दबाव पड़ सकता है। इससे इंजन में कंपन या झटके महसूस हो सकते हैं और ड्राइविंग स्मूद नहीं रहती।
इसलिए सड़क, स्पीड और ट्रैफिक की स्थिति के अनुसार उचित गियर का इस्तेमाल करें और अपनी कार के मालिकाना मैनुअल में दी गई सलाह को प्राथमिकता दें।
क्लच खराब होने के इन संकेतों को न करें नजरअंदाज
अगर कार का RPM बढ़ रहा है लेकिन स्पीड उसी अनुपात में नहीं बढ़ रही, गियर बदलते समय झटके आ रहे हैं, क्लच बहुत ऊपर से पकड़ रहा है या जलने जैसी गंध महसूस हो रही है, तो क्लच सिस्टम की जांच करवाना उचित है।
ड्राइविंग की इन आदतों में सुधार करने से अनावश्यक क्लच घिसावट कम करने में मदद मिल सकती है। हालांकि माइलेज या पिकअप में कमी के पीछे टायर प्रेशर, एयर फिल्टर, इंजन ट्यूनिंग, ब्रेक ड्रैग और अन्य मैकेनिकल समस्याएं भी हो सकती हैं।