India vs New Zealand T20: भारतीय क्रिकेट टीम को न्यूजीलैंड के खिलाफ तीसरे टी-20 मुकाबले से पहले झटका लगा है। विकेटकीपर बल्लेबाज ईशान किशन चोट के कारण तीसरे मैच से भी बाहर हो गए हैं। यह मुकाबला मंगलवार को वेलिंग्टन में खेला जाना है। ईशान इससे पहले 24 अक्टूबर को खेले गए दूसरे टी-20 मैच में भी चोट के कारण नहीं उतरे थे। भारतीय टीम ने वह मुकाबला 4 विकेट से जीतकर सीरीज में बढ़त बनाई थी। अब टीम इंडिया की नजर तीसरा मैच जीतकर सीरीज में 3-0 की अजेय बढ़त हासिल करने पर है।
जांघ की मांसपेशियों में खिंचाव से परेशान हैं ईशान
भारतीय टीम के गेंदबाजी कोच मोर्ने मोर्कल ने सोमवार को बताया कि ईशान किशन की रिकवरी अच्छी चल रही है। वह ट्रेनिंग में हिस्सा ले रहे हैं, लेकिन तीसरे टी-20 मुकाबले के लिए उपलब्ध नहीं होंगे। टीम मैनेजमेंट उन्हें पूरी तरह फिट होने का समय देना चाहता है, इसलिए एहतियात के तौर पर आराम दिया जा रहा है।
ईशान को 22 अक्टूबर को क्राइस्टचर्च में खेले गए पहले टी-20 मुकाबले के दौरान चोट लगी थी। उनकी जांघ की मांसपेशियों में खिंचाव आया था। फिलहाल भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) की मेडिकल टीम उनकी फिटनेस पर नजर रख रही है।
ईशान किशन इस साल टी-20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों में भारत के लिए सर्वाधिक रन बनाने वाले बल्लेबाज बताए जा रहे हैं। ऐसे में उनकी गैरमौजूदगी टीम के लिए अहम मानी जा रही है।
वैभव सूर्यवंशी को फिर मिल सकता है प्लेइंग इलेवन में मौका
ईशान किशन की अनुपस्थिति में युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी को एक बार फिर प्लेइंग इलेवन में खेलने का अवसर मिल सकता है। दूसरे टी-20 मुकाबले में वैभव को ईशान की जगह तीसरे नंबर पर बल्लेबाजी करने भेजा गया था।
हालांकि, वैभव को तीसरे नंबर पर उतारने के फैसले को लेकर पूर्व क्रिकेटरों के बीच चर्चा हुई थी। सवाल उठाए गए थे कि उन्हें मध्यक्रम में भेजने के बजाय पारी की शुरुआत करने का मौका क्यों नहीं दिया गया।
बीसीसीआई ने ईशान किशन के स्थान पर कुमार कुशाग्र को टीम में शामिल किया है। हालांकि, उपलब्ध जानकारी के मुताबिक, उन्हें प्लेइंग इलेवन में जगह मिलने की संभावना कम है।
गेंदबाजों के वर्कलोड मैनेजमेंट पर टीम का फोकस
न्यूजीलैंड दौरे पर भारतीय टीम मैनेजमेंट गेंदबाजों की फिटनेस और वर्कलोड को लेकर भी सतर्क है। आगामी टेस्ट सीरीज को ध्यान में रखते हुए गेंदबाजों को पर्याप्त आराम और मैच अभ्यास देने की योजना बनाई गई है।
गेंदबाजी कोच मोर्ने मोर्कल के मुताबिक, वनडे सीरीज के दौरान गेंदबाजों को रोटेट किया जा सकता है। इसका उद्देश्य टेस्ट सीरीज से पहले खिलाड़ियों को तरोताजा रखना और चोट लगने के जोखिम को कम करना है।
टीम मैनेजमेंट कुछ गेंदबाजों को टेस्ट सीरीज की तैयारी के लिए न्यूजीलैंड में रोकने पर भी विचार कर सकता है। वहीं, कुछ खिलाड़ी इंडिया-A की ओर से खेलकर रेड-बॉल क्रिकेट का अभ्यास कर रहे हैं।
अर्शदीप सिंह भी संभावित गेंदबाजों के समूह में शामिल
मोर्ने मोर्कल ने बताया कि बाएं हाथ के तेज गेंदबाज अर्शदीप सिंह भी टेस्ट क्रिकेट के लिए संभावित गेंदबाजों के समूह का हिस्सा हैं। उन्होंने अर्शदीप की मेहनत और तैयारी पर भरोसा जताया।
मोर्कल के अनुसार, अगर रेड-बॉल क्रिकेट में अर्शदीप की जरूरत पड़ती है, तो उनके पास इसके लिए तैयार रहने की क्षमता है।
टीम मैनेजमेंट जसप्रीत बुमराह सहित अन्य प्रमुख गेंदबाजों की फिटनेस पर भी नजर रख रहा है। वनडे और टेस्ट मुकाबलों के बीच खिलाड़ियों के कार्यभार को संतुलित रखना भारतीय टीम की प्राथमिकता है।
अब तीसरे टी-20 मुकाबले में भारतीय टीम की रणनीति पर सबकी नजर रहेगी। ईशान किशन की गैरमौजूदगी में वैभव सूर्यवंशी को मौका मिलता है या टीम किसी अन्य संयोजन के साथ उतरती है, यह देखना दिलचस्प होगा।