छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले में अवैध शराब के कारोबार के खिलाफ पुलिस ने आधी रात बड़ी कार्रवाई की है। छिंदगढ़ मुख्य चौराहे पर रात करीब 1 बजे पुलिस ने एक महिंद्रा स्कॉर्पियो को रोककर तलाशी ली। इस दौरान वाहन से भारी मात्रा में अंग्रेजी शराब बरामद की गई। देर रात हुई इस कार्रवाई के बाद इलाके में हड़कंप मच गया। एसपी मयंक गुर्जर के नेतृत्व में पुलिस की निगरानी और कार्रवाई को लेकर भी चर्चा हो रही है।
गृह मंत्री के निर्देश के बाद नशे के कारोबार पर सख्ती
प्रदेश में अवैध शराब और मादक पदार्थों के कारोबार पर प्रभावी अंकुश लगाने के लिए सरकार ने पुलिस को सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
उप मुख्यमंत्री एवं गृह मंत्री विजय शर्मा ने 29 अक्टूबर को आयोजित राज्य स्तरीय समीक्षा बैठक में स्पष्ट किया था कि नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ कार्रवाई केवल छोटे विक्रेताओं या सामान पहुंचाने वालों तक सीमित नहीं रहनी चाहिए। इस पूरे कारोबार के पीछे सक्रिय नेटवर्क की पहचान कर मुख्य तस्करों और उन्हें आर्थिक सहायता देने वालों के खिलाफ भी कार्रवाई की जानी चाहिए।
उन्होंने मादक पदार्थों के स्रोत, परिवहन और बिक्री से जुड़े लोगों तक पहुंचने के निर्देश दिए थे। इसके साथ ही तस्करी में इस्तेमाल वाहनों के राजसातीकरण और अवैध कारोबारियों की संपत्ति कुर्क करने की प्रक्रिया तेज करने पर भी जोर दिया था।
एसपी मयंक गुर्जर के नेतृत्व में बढ़ी निगरानी
सुकमा में एसपी मयंक गुर्जर के नेतृत्व में अवैध शराब और नशे के कारोबार पर अंकुश लगाने के लिए पुलिस लगातार निगरानी कर रही है। छिंदगढ़ में रात करीब 1 बजे की गई कार्रवाई से साफ है कि पुलिस संदिग्ध गतिविधियों पर केवल दिन में ही नहीं, बल्कि रात के समय भी नजर रख रही है।
थाना स्तर पर बढ़ी सक्रियता के बीच पुलिस की इस कार्रवाई को अवैध कारोबारियों के खिलाफ सख्ती के तौर पर देखा जा रहा है।
शराब कहां से आई और किसे होनी थी सप्लाई?
स्कॉर्पियो से अंग्रेजी शराब बरामद होने के बाद अब जांच में कई अहम सवालों के जवाब तलाशे जाएंगे। पुलिस को पता लगाना होगा कि शराब कहां से लाई गई थी, स्कॉर्पियो का वास्तविक मालिक कौन है और इसे जिले में किन स्थानों पर पहुंचाया जाना था।
इसके अलावा जांच में यह भी सामने आ सकता है कि इस कारोबार के पीछे कोई संगठित गिरोह सक्रिय है या नहीं। क्या अवैध शराब की सप्लाई के लिए दूसरे वाहनों का भी इस्तेमाल किया जा रहा था, इसकी भी पड़ताल जरूरी होगी।
अब तस्करी के पूरे नेटवर्क तक पहुंचने की चुनौती
गृह मंत्री के निर्देशों के मुताबिक, अवैध कारोबार के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई का उद्देश्य केवल शराब और वाहन जब्त करना नहीं, बल्कि इसके पीछे सक्रिय पूरे नेटवर्क का पर्दाफाश करना भी है।
अब सुकमा पुलिस की जांच पर नजर रहेगी कि स्कॉर्पियो से शराब बरामदगी के इस मामले में सप्लाई के स्रोत, खरीदारों और मुख्य कारोबारियों के बारे में क्या जानकारी सामने आती है।