धमतरी (छत्तीसगढ़)। जिले के बिरेझर चौकी इलाके में मां-बहन की गालियां देने पर तीन दोस्तों ने मिलकर अपने ही साथी की बेरहमी से हत्या कर दी। पहले उसे गला दबाकर पुल के नीचे फेंका, लेकिन जब देखा कि वह अभी भी जिंदा है, तो सिर पर पत्थर मारकर कुचल डाला। घटना ने पूरे इलाके को दहला दिया। पुलिस ने 3 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
कौन था मृतक?
मृतक का नाम मनीष कुमार मिथलेश (26) है, जो करगा गांव का निवासी था। हत्या इतनी निर्ममता से की गई थी कि मृतक की पहचान करना मुश्किल हो गया। जांच में सामने आया कि आरोपी शराब के नशे में वारदात को अंजाम दे रहे थे।
कैसे हुई हत्या?
-
21 अक्टूबर की रात करीब 11 बजे, मुख्य आरोपी होमेश कुमार साहू और उसका दोस्त चाहत यादव मनीष को शराब पिलाने के बहाने चटौद-करगा नाला पुल पर ले गए।
-
शराब के दौरान किसी बात पर विवाद हुआ और मनीष ने होमेश को गाली दी।
-
गुस्से में होमेश ने अपने गमछे से मनीष का गला दबाया, फिर साथी चाहत यादव ने भी साथ दिया।
-
मनीष को मरा समझकर गमछे से बांधकर पुल के नीचे फेंक दिया गया।
-
लेकिन जब देखा कि वह अभी भी सांस ले रहा है, तो तीनों ने मिलकर बड़े पत्थर से सिर कुचलकर उसकी जान ले ली।
हत्या के बाद आरोपी मनीष की बाइक और मोबाइल वहीं छोड़कर भाग गए।
कैसे खुला राज?
-
22 अक्टूबर को स्थानीय लोगों ने पुल के नीचे लाश और पास ही बाइक पड़ी देखी और पुलिस को सूचना दी।
-
पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा और मोबाइल डेटा व पूछताछ के जरिए जांच आगे बढ़ाई।
-
मृतक के परिजनों से पूछताछ में पता चला कि उसे आखिरी बार होमेश साहू के साथ देखा गया था।
-
पुलिस ने जब होमेश को पकड़ा तो पहले उसने झूठ बोला, लेकिन सख्ती से पूछताछ में हत्या की साजिश और वारदात कबूल कर ली।
गाली-गलौज से उपजा था विवाद
धमतरी एसपी सूरज सिंह परिहार ने बताया कि मनीष और होमेश के बीच पहले से मनमुटाव था। रायपुर से गांव लौटने पर मनीष ने होमेश को गाली दी थी, उसी के बाद उसने अपने दोस्तों संग हत्या की योजना बनाई।
सबूत मिटाने की कोशिश
-
वारदात के अगले दिन आरोपियों ने खून लगे गमछे और कपड़ों को छिपाने की कोशिश की।
-
मोबाइल को जलाने का प्लान था, लेकिन उसे झाड़ियों में फेंक दिया।
-
पुलिस की साइबर और FSL टीम ने जांच कर सबूत जुटाए और तीनों आरोपियों को पकड़ लिया।
आरोपी कौन हैं?
-
होमेश कुमार साहू (19) – हत्या का मुख्य आरोपी, जिसने सिर कुचलकर वारदात अंजाम दी।
-
चाहत यादव (19) – गमछे से गला दबाने में शामिल।
-
मनीष कुमार साहू (21) – हत्या और सबूत मिटाने में मददगार।
पुलिस ने आरोपियों को कोर्ट में पेश किया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया।