राजधानी रायपुर के तेलीबांधा इलाके में बुधवार रात एक दिल दहला देने वाला सड़क हादसा सामने आया, जहां तेज रफ्तार ट्रक ने एक महिला पत्रकार को कुचल दिया। इस भीषण दुर्घटना में गायत्री सिंह गंभीर रूप से घायल हो गई हैं और उनकी हालत नाजुक बनी हुई है। उन्हें कमल विहार स्थित वीवाई हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया है, जहां डॉक्टर लगातार उनकी जान बचाने की कोशिश में जुटे हैं।
मिली जानकारी के मुताबिक, 18 दिसंबर की रात करीब साढ़े नौ बजे गायत्री सिंह अपनी स्कूटी से घर लौट रही थीं। इसी दौरान तेलीबांधा इलाके में अचानक एक तेज रफ्तार ट्रक ने उन्हें टक्कर मार दी और पहिए उनके पैरों पर चढ़ गए। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि मौके पर मौजूद लोग सन्न रह गए। गंभीर रूप से घायल गायत्री को पहले तत्काल इलाज के लिए मेकाहारा के कैजुअल्टी ट्रॉमा यूनिट ले जाया गया, जिसके बाद उन्हें निजी अस्पताल रेफर किया गया।
डॉक्टरों के अनुसार, जिस पैर पर ट्रक का पहिया चढ़ा था, वह बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुका है और उसे ऑपरेशन के जरिए हटाने की नौबत आ गई है। वहीं दूसरे पैर में भी ब्लड सर्कुलेशन नहीं मिल रहा है, जिसे लेकर डॉक्टरों की चिंता और बढ़ गई है। फिलहाल दोनों पैरों की स्थिति को लेकर अगले दो दिनों तक ऑब्जर्वेशन में रखा गया है। इसके अलावा हादसे में गायत्री के सिर पर भी गंभीर चोट आई है, जिससे उनकी हालत और ज्यादा संवेदनशील बनी हुई है। इस समय वह ऑपरेशन थिएटर में हैं और विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम उनका इलाज कर रही है।
तेलीबांधा थाना प्रभारी अविनाश सिंह ने बताया कि हादसा अचानक हुआ और घायल महिला को तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया। प्रारंभिक जांच में यह बात सामने आई है कि ट्रक तेज गति में था और लापरवाही भी इस दुर्घटना की एक बड़ी वजह हो सकती है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, गायत्री स्कूटी से सड़क पार कर रही थीं, तभी ट्रक ने उन्हें चपेट में ले लिया। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और स्थानीय लोगों ने तुरंत मदद करते हुए उन्हें अस्पताल पहुंचाया।
दुर्घटना के बाद ट्रक चालक मौके से फरार हो गया है। पुलिस ने उसके खिलाफ मामला दर्ज कर तलाश शुरू कर दी है। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले जा रहे हैं, ताकि ट्रक और उसके चालक की पहचान की जा सके। इस घटना को लेकर गायत्री के परिवार, पत्रकारिता जगत और मीडिया संस्थानों में गहरी चिंता और आक्रोश का माहौल है। सभी की नजरें अब डॉक्टरों की रिपोर्ट और पुलिस की कार्रवाई पर टिकी हुई हैं।