देशभर में स्वच्छता की पहचान बना चुके अंबिकापुर की छवि पर उस वक्त दाग लगता दिखा, जब बिलासपुर रोड पर डंपिंग यार्ड की ओर जा रहे कचरा वाहनों से चलते-चलते कूड़ा सड़क पर गिरता नजर आया। वायरल वीडियो में साफ दिख रहा है कि कचरा ढकने के जरूरी इंतजाम नहीं किए गए थे, नतीजतन सड़क पर गंदगी फैलती रही और सफाई व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए।
वीडियो में यह भी सामने आया कि नियमों के मुताबिक जिन वाहनों को पूरी तरह ढककर चलना चाहिए था, वे बिना कवर के सड़कों पर दौड़ते रहे। चलते वाहन से उड़ता कचरा न सिर्फ धूल और गंदगी बढ़ा रहा था, बल्कि राहगीरों के लिए जोखिम भी पैदा कर रहा था। खासकर दोपहिया चालकों के लिए फिसलन और दृश्यता कम होने जैसी समस्याएं साफ नजर आईं।
यह घटना कचरा प्रबंधन में लापरवाही की ओर इशारा करती है। नियम स्पष्ट हैं कि कचरा परिवहन के दौरान फैलाव रोकने के लिए उचित कवर और सावधानियां जरूरी हैं, लेकिन जिम्मेदार विभागों की अनदेखी से इनका पालन नहीं हुआ। हैरानी की बात यह रही कि सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बावजूद नगर निगम की ओर से तत्काल कोई ठोस कार्रवाई या आधिकारिक बयान सामने नहीं आया।
शहरवासियों में नाराजगी बढ़ रही है कि जिस शहर ने स्वच्छता में मिसाल कायम की, वहां ऐसी चूक कैसे हो गई। अब निगाहें नगर निगम अंबिकापुर की अगली कार्रवाई पर टिकी हैं—क्या जिम्मेदारों पर कार्रवाई होगी और क्या व्यवस्था को तुरंत दुरुस्त किया जाएगा। यह मामला न सिर्फ साफ-सुथरे शहर की साख, बल्कि प्रशासन की जवाबदेही की भी कसौटी बन गया है।