ई-कॉमर्स दिग्गज Amazon ने एक बार फिर बड़े पैमाने पर छंटनी का एलान किया है। कंपनी ने पुष्टि की है कि वह दुनियाभर में करीब 16,000 कर्मचारियों की नौकरियां खत्म करने जा रही है। इस फैसले के तहत कर्मचारियों को ई-मेल भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। यह कदम अक्तूबर में हुई लगभग 14,000 कर्मचारियों की कटौती के कुछ ही महीनों बाद आया है, जिससे अमेजन के वर्कफोर्स में हलचल तेज हो गई है।
कंपनी की सीनियर वाइस प्रेसिडेंट बेथ गैलेटी के मुताबिक, इस छंटनी का मकसद अमेजन के भीतर बढ़ती ब्यूरोक्रेसी को कम करना, जवाबदेही बढ़ाना और कामकाज के कई स्तरों को सरल बनाना है। कर्मचारियों को भेजे गए ई-मेल में उन्होंने कहा कि कई टीमों में संरचनात्मक बदलाव अभी तक पूरे नहीं हो पाए थे, इसलिए दोबारा इतनी बड़ी कटौती करनी पड़ी। कंपनी चाहती है कि फैसले तेज हों और ग्राहक-केंद्रित नवाचार पर फोकस बढ़े।
भविष्य को लेकर गैलेटी ने यह भी स्पष्ट किया कि अमेजन हर कुछ महीनों में बड़े पैमाने पर छंटनी को अपनी आदत नहीं बनाना चाहता। हालांकि, उन्होंने यह संकेत जरूर दिया कि कंपनी आगे भी टीमों की परफॉर्मेंस, काम करने की रफ्तार और ग्राहकों के लिए नई वैल्यू क्रिएशन की क्षमता का आकलन करती रहेगी और जहां जरूरत होगी, वहां बदलाव किए जाएंगे।
कंपनी की ताजा फाइलिंग के मुताबिक, अक्तूबर 2025 तक अमेजन के पास करीब 15.7 लाख कर्मचारी थे। इसके बावजूद, बीते पांच तिमाहियों से कंपनी की ग्रोथ सिंगल-डिजिट में ही सीमित रही है। ऐसे में निवेशकों और कर्मचारियों की नजरें अब अगले सप्ताह आने वाले Q4 2025 के नतीजों पर टिकी हुई हैं। अमेजन ने यह भी साफ किया है कि भले ही कुछ नौकरियां खत्म हो रही हों, लेकिन रणनीतिक और भविष्य के अहम क्षेत्रों में नई भर्तियां जारी रहेंगी।
एआई को लेकर कंपनी की रणनीति भी इस फैसले की बड़ी वजह मानी जा रही है। अमेजन के सीईओ Andy Jassy पहले ही कह चुके हैं कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के बढ़ते इस्तेमाल से काम करने का तरीका बदलेगा। कुछ पारंपरिक भूमिकाओं की जरूरत कम होगी, जबकि नए तरह के स्किल्स और भूमिकाओं की मांग बढ़ेगी। इसी के चलते आने वाले वर्षों में कॉरपोरेट वर्कफोर्स के आकार में और कटौती की संभावना से इनकार नहीं किया जा रहा है।
हाल ही में कंपनी में उस वक्त भी अफरा-तफरी मच गई थी, जब गलती से कई AWS कर्मचारियों को छंटनी और ‘प्रोजेक्ट डॉन’ से जुड़ा मीटिंग इनवाइट भेज दिया गया। बाद में इसे रद्द कर दिया गया, लेकिन इससे कर्मचारियों के बीच अनिश्चितता का माहौल बन गया। इसके साथ ही अमेजन अपने फिजिकल स्टोर्स बिजनेस में भी बदलाव कर रहा है—कंपनी ‘अमेजन गो’ और ‘अमेजन फ्रेश’ स्टोर्स बंद कर सेम-डे ग्रोसरी डिलीवरी पर फोकस बढ़ा रही है और आने वाले वर्षों में Whole Foods के 100 नए स्टोर खोलने की योजना पर काम कर रही है।