रसोई में सबसे ज़्यादा इस्तेमाल होने वाली सब्जियों में आलू और प्याज की मौजूदगी लगभग हर घर में होती है। अक्सर लोग इन्हें थोक में खरीद लेते हैं, लेकिन सही तरीके से स्टोर न करने पर आलू अंकुरित हो जाते हैं और प्याज सड़ने लगता है। नतीजा—पैसे और मेहनत दोनों की बर्बादी। अगर थोड़ी सी समझदारी बरती जाए, तो आलू-प्याज को लंबे समय तक ताज़ा और इस्तेमाल लायक रखा जा सकता है।
सबसे पहले यह समझना ज़रूरी है कि आलू और प्याज को कभी भी एक साथ नहीं रखना चाहिए। प्याज से निकलने वाली गैस आलू में जल्दी अंकुरण शुरू कर देती है, जिससे आलू तेजी से खराब होता है। इसलिए दोनों के लिए अलग-अलग जगह तय करना सबसे जरूरी कदम है।
आलू को हमेशा ठंडी, सूखी और अंधेरी जगह पर रखना चाहिए। रोशनी में पड़े आलू हरे पड़ सकते हैं, जो सेहत के लिए नुकसानदायक होते हैं। प्लास्टिक की थैलियों में आलू रखने से नमी जमा होती है और सड़न शुरू हो जाती है। बेहतर है कि आलू को जूट, कपड़े की थैली या खुले टोकरों में रखा जाए, जहां हवा का संचार बना रहे। बीच-बीच में आलू को देखते रहना चाहिए और जो भी आलू खराब दिखे, उसे तुरंत अलग कर देना चाहिए ताकि बाकी सुरक्षित रहें।
प्याज के मामले में हवा सबसे बड़ा दोस्त है। इसे कभी भी फ्रिज में नहीं रखना चाहिए, क्योंकि नमी की वजह से प्याज जल्दी गलने लगता है। जालीदार टोकरी या नेट बैग में रखे प्याज ज्यादा दिनों तक ताज़ा रहते हैं। प्याज को धोकर स्टोर करने की गलती नहीं करनी चाहिए और इस बात का खास ध्यान रखना चाहिए कि उस पर पानी न लगे। हां, अगर प्याज कट चुका हो, तो उसे एयरटाइट डिब्बे में फ्रिज में रखना ही सही रहता है।
आलू-प्याज को स्टोर करते वक्त यह भी ध्यान रखें कि इन्हें गीली ज़मीन या फर्श पर न रखें। पास में लहसुन या दूसरी नमी वाली सब्जियां रखने से भी खराब होने की आशंका बढ़ जाती है। हफ्ते में एक बार स्टोरेज की जांच करने से सड़े हुए आलू-प्याज समय रहते अलग हो जाते हैं और नुकसान से बचाव हो जाता है।
छोटी-छोटी सावधानियों से आलू-प्याज कई हफ्तों तक खराब नहीं होते। सही स्टोरेज न सिर्फ रसोई को व्यवस्थित रखता है, बल्कि घरेलू बजट पर भी सीधा असर डालता है।