छत्तीसगढ़ के कवर्धा जिले से एक बेहद सनसनीखेज और हैरान करने वाला मामला सामने आया है, जहां पारिवारिक विवाद ने खौफनाक रूप ले लिया। यहां एक महिला ने अपनी ही भाभी की धारदार हथियार से हत्या कर दी और फिर पुलिस को गुमराह करने के लिए वारदात को दुष्कर्म जैसा दिखाने की कोशिश की। आरोपी ने शव के कपड़े फाड़ दिए ताकि शक किसी पुरुष या सामूहिक अपराध की ओर जाए।
यह पूरा मामला लोहारा थाना क्षेत्र के ग्राम सिंगारपुर का है। पुलिस ने आरोपी महिला मालती मरकाम को गिरफ्तार कर लिया है। जांच में सामने आया कि ननद और भाभी के बीच लंबे समय से घरेलू विवाद चल रहा था और दोनों के बीच कई बार झगड़े और मारपीट भी हो चुकी थी।
जानकारी के मुताबिक 3 मई 2026 को झोंकाखार खेत में एक महिला का शव संदिग्ध हालत में मिला था। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची तो महिला का शव निर्वस्त्र अवस्था में पड़ा मिला। उसके सिर और चेहरे पर गंभीर चोटों के निशान थे। शुरुआती हालात देखकर पुलिस को आशंका हुई कि महिला के साथ दुष्कर्म के बाद हत्या की गई है।
बाद में मृतका की पहचान बेलसिया छेदैया (32) के रूप में हुई, जो ग्राम सिंगारपुर की रहने वाली थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक धर्मेंद्र सिंह ने विशेष जांच टीम गठित कर तत्काल जांच के निर्देश दिए।
घटनास्थल की बारीकी से जांच के दौरान पुलिस को कई अहम सबूत मिले। मौके से लोहे की रपली, हंसिया, टूटी चूड़ियां, कपड़ों के टुकड़े, साड़ी पिन और अन्य सामान बरामद किया गया। साइबर सेल और एफएसएल टीम की मदद से तकनीकी जांच शुरू की गई।
जांच आगे बढ़ने पर पुलिस को कई संदिग्ध बातें नजर आईं। मेडिकल रिपोर्ट और फोरेंसिक जांच में साफ हो गया कि महिला के साथ किसी प्रकार का दुष्कर्म नहीं हुआ था। इसके बाद पुलिस का शक परिवार के लोगों पर गया और पूछताछ का दायरा बढ़ाया गया।
पूछताछ में सामने आया कि आरोपी मालती मरकाम का अपनी भाभी बेलसिया से लंबे समय से विवाद चल रहा था। घर के कामकाज, तानेबाजी और संपत्ति से जुड़े मामलों को लेकर दोनों के बीच लगातार तनाव रहता था। परिवार वालों ने पुलिस को बताया कि करीब छह महीने पहले भी मालती ने भाभी का गला दबाकर मारने की कोशिश की थी, लेकिन उस समय मामला शांत करा दिया गया था।
पुलिस पूछताछ में आरोपी आखिरकार टूट गई और उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया। मालती ने बताया कि वह अपनी भाभी से लगातार झगड़ों से परेशान थी और उसने पहले से हत्या की योजना बनाई थी। वारदात वाले दिन उसने खेत में काम कर रही बेलसिया पर पीछे से हमला कर दिया और लोहे की रपली से सिर पर कई वार किए, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
हत्या के बाद आरोपी ने खुद को बचाने और पुलिस को भ्रमित करने के लिए शव के कपड़े फाड़ दिए। उसका मकसद था कि मामला दुष्कर्म या गैंगरेप जैसा दिखाई दे और जांच दूसरी दिशा में चली जाए। आरोपी ने पूछताछ में बताया कि उसने मोबाइल और सोशल मीडिया पर इस तरह के अपराधों की खबरें देखी थीं, जिससे उसे यह तरीका सूझा।
हालांकि पुलिस की वैज्ञानिक जांच और मेडिकल रिपोर्ट ने पूरी सच्चाई सामने ला दी। आखिरकार यह मामला पारिवारिक रंजिश में की गई सुनियोजित हत्या निकला। पुलिस ने आरोपी मालती मरकाम को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।
इस घटना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि पारिवारिक तनाव और घरेलू विवाद किस तरह भयावह अपराधों में बदलते जा रहे हैं।


