Meta Pixel

ओमान तट के पास जहाज पर हमले से हड़कंप, 3 भारतीय नाविकों की मौत; भारत ने जताई कड़ी आपत्ति

Spread the love

ओमान के तट के पास होर्मुज जलडमरूमध्य के निकट हुए एक गंभीर समुद्री हमले ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चिंता बढ़ा दी है। पालाउ ध्वज वाले वाणिज्यिक जहाज MT Settebello पर हुए हमले में तीन भारतीय नाविकों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि 21 अन्य भारतीय क्रू सदस्यों को सुरक्षित बचा लिया गया है। घटना ऐसे समय हुई है जब मध्य पूर्व में सैन्य तनाव लगातार बढ़ रहा है और समुद्री व्यापारिक मार्गों की सुरक्षा को लेकर सवाल उठ रहे हैं।

जानकारी के अनुसार, जहाज पर कुल 24 भारतीय चालक दल के सदस्य मौजूद थे। प्रारंभिक रिपोर्टों में तीन नाविकों के लापता होने की सूचना दी गई थी, लेकिन बाद में उनकी मौत की पुष्टि कर दी गई। भारतीय विदेश मंत्रालय ने इस घटना पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए इसे बेहद चिंताजनक बताया है।

भारत सरकार ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए अमेरिका के वरिष्ठ राजनयिक को तलब किया और औपचारिक विरोध दर्ज कराया। विदेश मंत्रालय ने कहा कि समुद्री व्यापारिक जहाजों और नाविकों की सुरक्षा सुनिश्चित करना सभी देशों की जिम्मेदारी है और ऐसे हमलों से वैश्विक समुद्री परिवहन पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है।

केंद्रीय स्तर पर भी घटना को लेकर चिंता जताई गई है। सरकार ने कहा है कि मृत नाविकों के पार्थिव शरीरों को सम्मानपूर्वक भारत लाने और प्रभावित परिवारों को हर संभव सहायता प्रदान करने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही बचाए गए सभी भारतीय नागरिकों की सुरक्षित वापसी सुनिश्चित करने के प्रयास किए जा रहे हैं।

यह घटना दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री व्यापारिक मार्गों में से एक होर्मुज जलडमरूमध्य के निकट हुई है। इसी रास्ते से वैश्विक तेल और ऊर्जा आपूर्ति का बड़ा हिस्सा गुजरता है। ऐसे में इस क्षेत्र में बढ़ता सैन्य तनाव अंतरराष्ट्रीय व्यापार, ऊर्जा बाजार और वैश्विक सप्लाई चेन के लिए नई चुनौतियां खड़ी कर सकता है।

भारत ने स्पष्ट किया है कि मौजूदा संकट का समाधान सैन्य कार्रवाई नहीं बल्कि संवाद और कूटनीति के जरिए ही संभव है। सरकार ने सभी संबंधित पक्षों से संयम बरतने, व्यापारिक जहाजों को निशाना न बनाने और क्षेत्रीय स्थिरता बनाए रखने की अपील की है।

मध्य पूर्व में जारी तनाव के बीच यह घटना भारतीय नाविकों की सुरक्षा और अंतरराष्ट्रीय समुद्री मार्गों की सुरक्षा को लेकर एक गंभीर चेतावनी मानी जा रही है। आने वाले दिनों में इस घटनाक्रम का असर वैश्विक तेल बाजार, शिपिंग उद्योग और अंतरराष्ट्रीय संबंधों पर भी देखने को मिल सकता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *