नगरी – धमतरी जिले के नगरी विकासखंड स्थित जल संसाधन विभाग की महत्वपूर्ण सोंढूर जलाशय परियोजना इन दिनों चोरों के निशाने पर है। बांध परिसर और विभागीय कॉलोनी में लगातार हो रही चोरी की घटनाओं ने करोड़ों रुपये की इस सिंचाई परियोजना की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर प्रश्नचिह्न लगा दिया है।
सोंढूर जलाशय लगभग 12,260 हेक्टेयर कृषि भूमि को सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराता है। इसके अलावा रबी फसल और विभिन्न तालाबों के जलभराव के लिए भी यहां से पानी छोड़ा जाता है। वर्ष 1977-78 में शुरू हुई इस परियोजना के साथ अधिकारियों एवं कर्मचारियों के लिए आवासीय कॉलोनी का भी निर्माण कराया गया था।
चोरों ने सोंढूर बांध का गेट तोड़ने की कोशिश
वर्तमान में कॉलोनी के अधिकांश आवास खाली पड़े हैं। कई कर्मचारी सेवानिवृत्त होकर अपने गृह क्षेत्रों में लौट चुके हैं, जबकि करीब 20 से अधिक भवन जर्जर हो चुके हैं। इन वीरान भवनों से वर्षों के दौरान दरवाजे, खिड़कियां, लोहे के एंगल, बिजली के तार सहित लाखों रुपये की सामग्री चोरी हो चुकी है। कुछ दिन पहले अज्ञात चोर माइनर नहर के गेट का दरवाजा और उसके संचालन से जुड़े लोहे के एंगल तक चोरी कर ले गए थे। वहीं शनिवार रात चोरों ने सोंढूर बांध के सिंचाई गेट पर लगाए गए भारी लोहे के एंगल को उखाड़ने का प्रयास किया। वजन अधिक होने के कारण वे उसे ले जाने में सफल नहीं हो सके, लेकिन घटना ने बांध की सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोल दी है।
स्थानीय लोगों ने की नियमित निगरानी की मांग
स्थानीय लोगों का कहना है कि बांध परिसर में नियमित निगरानी और पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था नहीं होने के कारण चोरों के हौसले लगातार बढ़ते जा रहे हैं। लोगों ने आशंका जताई है कि यदि समय रहते सुरक्षा के ठोस इंतजाम नहीं किए गए तो बांध की महत्वपूर्ण संरचनाओं को भी नुकसान पहुंच सकता है।
अधिकारियो ने दी जानकारी
विभागीय अधिकारी ने बताया कि घटना की जानकारी कर्मचारियों से प्राप्त हुई है तथा मामले में जल्द ही थाने में शिकायत दर्ज कराई जाएगी। उन्होंने बताया कि पूर्व में भी अज्ञात चोरों के खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज कराई जा चुकी है।