अंबिकापुर। सरगुजा जिले के अंबिकापुर में पैतृक संपत्ति विवाद का एक भावुक मामला सामने आया है। न्याय नहीं मिलने से परेशान एक महिला ने कलेक्टर जनदर्शन में पहुंचकर इच्छामृत्यु की मांग की है। महिला का आरोप है कि उसकी बड़ी बहन ने कथित तौर पर मृत्यु प्रमाण पत्र बनवाकर पूरी पैतृक संपत्ति पर कब्जा कर लिया और उसे उसके वैधानिक हिस्से से वंचित कर दिया।
कलेक्टर जनदर्शन में सौंपा ज्ञापन
पीड़ित महिला ने कलेक्टर जनदर्शन में पहुंचकर कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा। उसने बताया कि वह पिछले पांच वर्षों से न्याय की मांग को लेकर लगातार सरकारी कार्यालयों के चक्कर लगा रही है, लेकिन अब तक उसे राहत नहीं मिली।
पैतृक संपत्ति में आधे हिस्से की मांग
महिला का कहना है कि उसे पैतृक संपत्ति में वैधानिक रूप से आधा हिस्सा मिलना चाहिए, लेकिन बड़ी बहन ने कथित रूप से फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र तैयार कराकर पूरी संपत्ति अपने नाम कर ली।
धमकी देने का भी लगाया आरोप
पीड़िता ने आरोप लगाया कि जब भी वह अपने हिस्से की मांग करती है, उसे धमकियां दी जाती हैं। इसी कारण वह मानसिक रूप से काफी परेशान है और न्याय नहीं मिलने पर इच्छामृत्यु की मांग करने को मजबूर हुई।
पांच साल से न्याय का इंतजार
महिला का कहना है कि पिछले पांच वर्षों से वह संबंधित कार्यालयों में आवेदन देकर कार्रवाई की मांग कर रही है, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकल सका। इससे निराश होकर उसने कलेक्टर के समक्ष इच्छामृत्यु की मांग रखी।
फुंदुर डीहारी शांति पारा का मामला
यह मामला अंबिकापुर शहर के फुंदुर डीहारी, शांति पारा क्षेत्र का बताया जा रहा है। फिलहाल प्रशासन की ओर से मामले में क्या कार्रवाई की जाएगी, इस पर सभी की नजरें टिकी हैं।