भिलाई। करीब 1,500 ट्रकों का संचालन करने वाले ट्रांसपोर्ट कारोबारी इंद्रजीत सिंह उर्फ छोटू की हैवी ट्रांसपोर्ट कंपनी (HTC) के ठिकानों पर सोमवार को स्टेट GST की टीम ने जांच की। अधिकारियों ने भिलाई स्थित कंपनी के ऑफिस और गोदाम के साथ बलौदाबाजार स्थित यार्ड में भी दस्तावेज और कारोबारी रिकॉर्ड खंगाले।
GST अधिकारियों की टीम ने करीब 6 घंटे तक कंपनी से जुड़े दस्तावेजों और रिकॉर्ड की जांच की। टीम देर रात तक अलग-अलग ठिकानों पर मौजूद रही, जिसके बाद अधिकारी वापस लौट गए।
हालांकि, GST विभाग ने अभी तक यह स्पष्ट नहीं किया है कि जांच किस शिकायत, सूचना या संभावित अनियमितता के आधार पर की गई। जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों के बाद ही कार्रवाई की वजह और आगे की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
BSP में HTC की 60 से 70 गाड़ियां चलती हैं
HTC के कारोबार का एक हिस्सा भिलाई स्टील प्लांट (BSP) से भी जुड़ा हुआ है। जानकारी के अनुसार कंपनी की करीब 60 से 70 गाड़ियां BSP में परिवहन कार्य में लगी हुई हैं। ये वाहन प्लांट के अंदर लोडिंग सहित अन्य परिवहन गतिविधियों में इस्तेमाल होते हैं।
ऐसे में GST जांच के दौरान कंपनी के परिवहन कारोबार से जुड़े दस्तावेज और लेनदेन का रिकॉर्ड भी जांच के दायरे में हो सकता है। कंपनी का कारोबार कई स्थानों पर संचालित होने के कारण अधिकारियों ने भिलाई के साथ बलौदाबाजार स्थित यार्ड में भी रिकॉर्ड की पड़ताल की।
कौन हैं इंद्रजीत सिंह उर्फ छोटू?
इंद्रजीत सिंह उर्फ छोटू भिलाई के प्रमुख ट्रांसपोर्ट कारोबारियों में गिने जाते हैं। वे हैवी ट्रांसपोर्ट कंपनी (HTC) के डायरेक्टर हैं और करीब 1,500 ट्रकों के संचालन से जुड़े बताए जाते हैं।
ट्रांसपोर्ट कारोबार के अलावा वे विभिन्न सामाजिक और खेल संगठनों से भी जुड़े हुए हैं। वे एसबीएस हॉस्पिटल भिलाई के डायरेक्टर, भिलाई ट्रक ट्रेलर ट्रांसपोर्टर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष, यूथ सिख सेवा समिति भिलाई के अध्यक्ष, सर्व समाज कल्याण समिति के अध्यक्ष और न्यू गतका स्पोर्ट्स एसोसिएशन छत्तीसगढ़ के अध्यक्ष की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं।
उनके राजनीति में आने की चर्चाएं भी समय-समय पर सामने आती रही हैं और आगामी विधानसभा चुनाव लड़ने को लेकर भी अटकलें लगाई जा रही हैं।
अब विभाग की रिपोर्ट का इंतजार
स्टेट GST की जांच के बाद अब विभागीय रिपोर्ट का इंतजार है। टीम ने किन दस्तावेजों की जांच की, क्या कोई रिकॉर्ड जब्त किया गया और क्या टैक्स से जुड़ी कोई अनियमितता सामने आई है, इसकी जानकारी जांच पूरी होने के बाद ही सामने आएगी।
फिलहाल GST विभाग की ओर से किसी टैक्स चोरी या अन्य अनियमितता की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।