देशभर के करोड़ों बैंक ग्राहकों के लिए राहत की खबर है। सोमवार से प्रस्तावित तीन दिवसीय राष्ट्रव्यापी बैंक हड़ताल फिलहाल स्थगित कर दी गई है। भारतीय बैंक संघ यानी IBA और यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस यानी UFBU के बीच हुई बातचीत के बाद हड़ताल वापस लेने का फैसला किया गया है। इससे बैंक शाखाओं में सामान्य कामकाज जारी रहने की उम्मीद है।
अगर हड़ताल होती तो लगातार तीन दिनों तक बैंकिंग सेवाओं पर असर पड़ सकता था। खासकर सरकारी और ग्रामीण बैंकों में कैश लेन-देन, चेक क्लियरेंस, बैंक शाखाओं से जुड़े काम और कुछ अन्य सेवाएं प्रभावित होने की आशंका थी। हालांकि, बातचीत के बाद फिलहाल यह स्थिति टल गई है।
रविवार देर रात हुई अहम बैठक
हड़ताल को लेकर रविवार देर रात करीब 9:30 बजे IBA और UFBU के प्रतिनिधियों के बीच बैठक हुई। बैठक में बैंक यूनियनों से जुड़े कई लंबित मुद्दों पर चर्चा की गई। बातचीत के बाद दोनों पक्षों के बीच कुछ मुद्दों पर आगे काम करने को लेकर सहमति बनी।
बैठक में सबसे अहम मुद्दों में से एक पांच दिवसीय बैंकिंग व्यवस्था का था। सभी शनिवार को बैंक अवकाश घोषित करने की मांग लंबे समय से चली आ रही है। इस मुद्दे पर विचार करने के लिए एक संयुक्त समिति गठित करने का फैसला किया गया है। समिति विभिन्न विकल्पों और ग्राहकों के हितों को ध्यान में रखते हुए इस विषय पर विचार करेगी।
PLI स्कीम पर भी होगी बातचीत
बैठक में स्केल IV और उससे ऊपर के अधिकारियों के लिए PLI यानी Performance Linked Incentive Scheme में बदलाव को लेकर भी चर्चा हुई। यूनियनों की चिंताओं पर आगे बातचीत करने और संबंधित मुद्दों को सरकार के सामने रखने की प्रक्रिया पर सहमति बनी है।
इसके अलावा 8 मार्च 2024 की बैठक के मिनट्स में दर्ज अन्य लंबित मुद्दों पर भी आगे बातचीत कर उन्हें सुलझाने की कोशिश करने का फैसला लिया गया है।
तीन दिन की हड़ताल वापस
बैठक के बाद UFBU की ओर से जारी जानकारी के मुताबिक प्रस्तावित विरोध कार्यक्रम और तीन दिवसीय राष्ट्रव्यापी बैंक हड़ताल को वापस ले लिया गया है।
इसका मतलब है कि फिलहाल बैंक कर्मचारियों की हड़ताल के कारण होने वाली संभावित परेशानी टल गई है और बैंकिंग सेवाएं सामान्य रूप से जारी रहने की उम्मीद है।
ग्राहकों के लिए इसका सीधा मतलब है कि बैंक शाखाओं में सामान्य कामकाज होगा और कैश जमा-निकासी, चेक से जुड़े काम तथा अन्य शाखा सेवाएं निर्धारित व्यवस्था के अनुसार चलती रहेंगी। हालांकि, डिजिटल बैंकिंग सेवाएं सामान्यतः अलग चैनल से संचालित होती हैं और हड़ताल की स्थिति में भी उनकी उपलब्धता बैंक के सिस्टम पर निर्भर करती है।
यानी आखिरी समय में हुई बातचीत के बाद बैंक कर्मचारियों की तीन दिन की प्रस्तावित देशव्यापी हड़ताल फिलहाल टल गई है, जिससे बैंक ग्राहकों और कारोबारियों को बड़ी राहत मिली है।